📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / travelwayoflife
मौसम
बिहार‑उ.प्र. में गंगा‑घाघरा का जलस्तर खतरे की सीमा पार
✍️ NDTV Profit
🗓 05 सित. 2026, 11:32 AM
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बिहार और उत्तर प्रदेश में गंगा व घाघरा के जलस्तर खतरे की सीमा से ऊपर उठे हैं, जिससे बाढ़ का जोखिम बढ़ गया है।
बिहार और उत्तर प्रदेश में गंगा तथा उसकी सहायक नदियों में से घाघरा का जलस्तर निर्धारित खतरे की सीमा से ऊपर चला गया है, जैसा कि बाढ़ निगरानी एजेंसियों ने जारी किए गए नवीनतम आंकड़ों से स्पष्ट है। एनडीटीवी प्रॉफिट द्वारा प्रकाशित चार्ट में पिछले २४ घंटों में जल स्तर में तेज़ी से वृद्धि दिखायी गई है, जिससे नदियों को उच्च‑जोखिम क्षेत्र में वर्गीकृत किया गया है।
पटना और लखनऊ के राज्य आपदा प्रबंधन विभाग ने चेतावनी जारी की है, जिससे निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और संभावित निकासी के लिए तैयार रहने का आग्रह किया गया है। प्रारंभिक आकलन के अनुसार, नदी किनारे स्थित कई गाँवों में जलभराव की संभावना है, यदि प्रवाह में और वृद्धि होती रही।
अधिकारियों ने स्थिति को कड़ी नजर में रखा है, अतिरिक्त बचाव दल तैनात किए हैं और संवेदनशील क्षेत्रों में राहत सामग्री पहले से रखी गई है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी है कि इस सप्ताह के अंत में आने वाली भारी मानसूनी बारिश जलस्तर को और बढ़ा सकती है, जिससे अतिरिक्त सावधानी बरतनी आवश्यक होगी।
अब तक कोई बड़ी हानि या मौत की सूचना नहीं मिली है, पर जनता से अनुरोध किया गया है कि नदियों के किनारे गैर‑जरूरी यात्रा से बचें और स्थानीय अधिकारियों के निर्देशों का पालन करें।
पटना और लखनऊ के राज्य आपदा प्रबंधन विभाग ने चेतावनी जारी की है, जिससे निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और संभावित निकासी के लिए तैयार रहने का आग्रह किया गया है। प्रारंभिक आकलन के अनुसार, नदी किनारे स्थित कई गाँवों में जलभराव की संभावना है, यदि प्रवाह में और वृद्धि होती रही।
अधिकारियों ने स्थिति को कड़ी नजर में रखा है, अतिरिक्त बचाव दल तैनात किए हैं और संवेदनशील क्षेत्रों में राहत सामग्री पहले से रखी गई है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी है कि इस सप्ताह के अंत में आने वाली भारी मानसूनी बारिश जलस्तर को और बढ़ा सकती है, जिससे अतिरिक्त सावधानी बरतनी आवश्यक होगी।
अब तक कोई बड़ी हानि या मौत की सूचना नहीं मिली है, पर जनता से अनुरोध किया गया है कि नदियों के किनारे गैर‑जरूरी यात्रा से बचें और स्थानीय अधिकारियों के निर्देशों का पालन करें।