अपराध
गुना पुलिस ने साइबर ठगी के पीड़ितों को दिलाई ₹1.25 लाख की राशि वापस
गुना पुलिस ने NCRP पोर्टल की MRM प्रक्रिया और बैंकिंग संस्थानों से समन्वय के माध्यम से साइबर ठगी के 10 पीड़ितों को ₹1,25,001 की राशि वापस दिलाकर त्वरित आर्थिक राहत प्रदान की है।
साइबर अपराध के विरुद्ध अपनी सतत और प्रभावी कार्यवाही को जारी रखते हुए, गुना पुलिस ने साइबर ठगी के शिकार हुए 10 व्यक्तियों को ₹1,25,001 की राशि सफलतापूर्वक वापस दिलाई है। यह सराहनीय कार्य राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) की मनी रिकवरी मैकेनिज्म (MRM) प्रक्रिया और विभिन्न बैंकिंग संस्थानों के साथ त्वरित तकनीकी समन्वय के माध्यम से संभव हुआ।
पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के निर्देशन में, साइबर सेल टीम ने ऑनलाइन धोखाधड़ी से संबंधित शिकायतों की गंभीरता से जांच की। प्राप्त शिकायतों पर तत्काल कार्यवाही करते हुए, ठगी की गई राशि जिन बैंक खातों में ट्रांसफर हुई थी, उन खातों को होल्ड करने की कार्रवाई की गई। इस त्वरित तकनीकी कार्यवाही और बैंकिंग संस्थानों के साथ प्रभावी समन्वय के परिणामस्वरूप, शुभम जैन, राकेश कुमार जैन, रफत रैना खान, घनश्याम, सुनील ओझा, बुन्देल सिंह मीना, नरेन्द्र वर्मा, रामपाल सिंह, दीपेन्द्र और श्यामबाबू राजपूत को उनकी ठगी गई कुल ₹1,25,001 की राशि वापस दिलाई गई।
गुना पुलिस द्वारा NCRP पोर्टल पर प्राप्त साइबर अपराध संबंधी शिकायतों पर त्वरित कार्यवाही करते हुए ठगी की रकम को आगे ट्रांसफर होने से रोकने और पीड़ितों की धनराशि वापस कराने के लिए संबंधित बैंकिंग संस्थानों के साथ लगातार प्रभावी समन्वय स्थापित किया जा रहा है। पुलिस की इस तकनीकी और त्वरित कार्यवाही से साइबर ठगी के पीड़ितों को निरंतर आर्थिक राहत मिल रही है। गुना पुलिस द्वारा साइबर ठगी के अन्य प्रकरणों में भी पीड़ितों की धनराशि वापस कराने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।
गुना पुलिस ने आमजन से अपील की है कि साइबर ठगी होने पर घबराएं नहीं और तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं। साथ ही, अपने संबंधित बैंक को भी तत्काल सूचित करें। साइबर ठगी के तुरंत बाद की गई शिकायत, ठगी की राशि को होल्ड कराने और निर्धारित प्रक्रिया के माध्यम से राशि वापस दिलाने में अत्यंत महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। इस कार्यवाही में साइबर सेल प्रभारी उपनिरीक्षक महेन्द्र सिंह चौहान, आरक्षक कुलदीप यादव, आरक्षक भूपेन्द्र खटीक, आरक्षक अभय रघुवंशी एवं महिला आरक्षक पूजा गुप्ता की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के निर्देशन में, साइबर सेल टीम ने ऑनलाइन धोखाधड़ी से संबंधित शिकायतों की गंभीरता से जांच की। प्राप्त शिकायतों पर तत्काल कार्यवाही करते हुए, ठगी की गई राशि जिन बैंक खातों में ट्रांसफर हुई थी, उन खातों को होल्ड करने की कार्रवाई की गई। इस त्वरित तकनीकी कार्यवाही और बैंकिंग संस्थानों के साथ प्रभावी समन्वय के परिणामस्वरूप, शुभम जैन, राकेश कुमार जैन, रफत रैना खान, घनश्याम, सुनील ओझा, बुन्देल सिंह मीना, नरेन्द्र वर्मा, रामपाल सिंह, दीपेन्द्र और श्यामबाबू राजपूत को उनकी ठगी गई कुल ₹1,25,001 की राशि वापस दिलाई गई।
गुना पुलिस द्वारा NCRP पोर्टल पर प्राप्त साइबर अपराध संबंधी शिकायतों पर त्वरित कार्यवाही करते हुए ठगी की रकम को आगे ट्रांसफर होने से रोकने और पीड़ितों की धनराशि वापस कराने के लिए संबंधित बैंकिंग संस्थानों के साथ लगातार प्रभावी समन्वय स्थापित किया जा रहा है। पुलिस की इस तकनीकी और त्वरित कार्यवाही से साइबर ठगी के पीड़ितों को निरंतर आर्थिक राहत मिल रही है। गुना पुलिस द्वारा साइबर ठगी के अन्य प्रकरणों में भी पीड़ितों की धनराशि वापस कराने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।
गुना पुलिस ने आमजन से अपील की है कि साइबर ठगी होने पर घबराएं नहीं और तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं। साथ ही, अपने संबंधित बैंक को भी तत्काल सूचित करें। साइबर ठगी के तुरंत बाद की गई शिकायत, ठगी की राशि को होल्ड कराने और निर्धारित प्रक्रिया के माध्यम से राशि वापस दिलाने में अत्यंत महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। इस कार्यवाही में साइबर सेल प्रभारी उपनिरीक्षक महेन्द्र सिंह चौहान, आरक्षक कुलदीप यादव, आरक्षक भूपेन्द्र खटीक, आरक्षक अभय रघुवंशी एवं महिला आरक्षक पूजा गुप्ता की महत्वपूर्ण भूमिका रही।