📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Kenny Chabba
कृषि
किसान‑मजदूर संघर्ष कमेटी ने चब्बा गांव से पंजाब सरकार के खिलाफ आंदोलन शुरू किया
✍️ Amar Ujala · Amritsar
🗓 25 अग. 2026, 03:02 PM
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किसान‑मजदूर संघर्ष कमेटी ने चब्बा गांव से पंजाब सरकार के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए प्रदर्शन शुरू किया।
किसान‑मजदूर संघर्ष कमेटी, जो कृषि कार्यकर्ताओं का एक गठबंधन है, ने पंजाब के चब्बा गांव से शनिवार को प्रदर्शन शुरू किया। इस समूह ने जिला मुख्यालय की ओर मार्च किया, जिसमें किसानों और मजदूरों को प्रभावित करने वाली राज्य सरकार की नीतियों की आलोचना करने वाले पर्चे लहराए गए।
आयोजकों का कहना है कि यह आंदोलन सरकार को ऋण माफी में देरी, कम खरीद मूल्य और मौसमी कामगारों के रोजगार की कमी जैसे मुद्दों पर कार्रवाई करने के लिए दबाव डालने के लिए है। उन्होंने बताया कि रैली कई दिनों तक जारी रहेगी और निकटवर्ती कस्बों में भी इसका विस्तार हो सकता है।
स्थानीय प्राधिकरणों को मार्च की जानकारी दे दी गई है, और पुलिस ने यातायात नियंत्रण तथा सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बल तैनात किए हैं। अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है और प्रदर्शन शांति‑पूर्ण बना हुआ है।
कमेटी ने मीडिया से इस घटना को उजागर करने का अनुरोध किया और अन्य किसान‑मजदूर संगठनों को इस आंदोलन में शामिल होने का आह्वान किया, जिससे ग्रामीण पंजाब में व्यापक असंतोष का संकेत मिलता है।
पंजाब सरकार ने अभी तक आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है, परन्तु अधिकारियों से उम्मीद है कि वे कमेटी के प्रतिनिधियों से मिलने और उनके मुद्दों पर चर्चा करने की योजना बना रहे हैं।
आयोजकों का कहना है कि यह आंदोलन सरकार को ऋण माफी में देरी, कम खरीद मूल्य और मौसमी कामगारों के रोजगार की कमी जैसे मुद्दों पर कार्रवाई करने के लिए दबाव डालने के लिए है। उन्होंने बताया कि रैली कई दिनों तक जारी रहेगी और निकटवर्ती कस्बों में भी इसका विस्तार हो सकता है।
स्थानीय प्राधिकरणों को मार्च की जानकारी दे दी गई है, और पुलिस ने यातायात नियंत्रण तथा सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बल तैनात किए हैं। अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है और प्रदर्शन शांति‑पूर्ण बना हुआ है।
कमेटी ने मीडिया से इस घटना को उजागर करने का अनुरोध किया और अन्य किसान‑मजदूर संगठनों को इस आंदोलन में शामिल होने का आह्वान किया, जिससे ग्रामीण पंजाब में व्यापक असंतोष का संकेत मिलता है।
पंजाब सरकार ने अभी तक आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है, परन्तु अधिकारियों से उम्मीद है कि वे कमेटी के प्रतिनिधियों से मिलने और उनके मुद्दों पर चर्चा करने की योजना बना रहे हैं।