📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Raunak Singh
राजनीति
पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में चुनावी अभियान तेज़
✍️ News On AIR
🗓 19 अग. 2026, 01:37 AM
👁 8
राजनीतिक दलों ने राज्य चुनाव के करीब आते ही पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में रैलियों, घर‑घर जाकर प्रचार और जनसम्पर्क को तेज़ किया है।
पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में आगामी विधानसभा चुनावों के करीब आते ही चुनावी माहौल तेज़ हो गया है। प्रमुख दल बड़े सार्वजनिक सभाओं का आयोजन कर रहे हैं, वरिष्ठ नेताओं को महत्वपूर्ण निर्वाचन क्षेत्रों में भेज रहे हैं और मतदाताओं तक पहुँचने के लिये घर‑घर जाकर प्रचार को बढ़ा रहे हैं।
पार्टी कार्यकर्ता बताते हैं कि रैलियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की संख्या में वृद्धि हुई है, जबकि कोलकाता और चेन्नई दोनों शहरों में भीड़भाड़ वाले स्थल और व्यापक मीडिया कवरेज देखा जा रहा है। सोशल मीडिया, टेलीविज़न बहसें और स्थानीय स्लोगन का उपयोग करके क्षेत्रीय भावनाओं को आकर्षित किया जा रहा है।
चुनाव प्राधिकरण ने सभी उम्मीदवारों को मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट का पालन करने की याद दिलाई है, और सुरक्षा बलों को तीव्रता से चुनावी गतिविधियों के दौरान शांति बनाए रखने के लिये सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है।
विश्लेषकों का कहना है कि दोनों राज्यों में प्रतिस्पर्धी माहौल और राष्ट्रीय तथा क्षेत्रीय दलों के बीच सत्ता के लिए तीव्र संघर्ष इस बढ़ते अभियान का मुख्य कारण है।
पार्टी कार्यकर्ता बताते हैं कि रैलियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की संख्या में वृद्धि हुई है, जबकि कोलकाता और चेन्नई दोनों शहरों में भीड़भाड़ वाले स्थल और व्यापक मीडिया कवरेज देखा जा रहा है। सोशल मीडिया, टेलीविज़न बहसें और स्थानीय स्लोगन का उपयोग करके क्षेत्रीय भावनाओं को आकर्षित किया जा रहा है।
चुनाव प्राधिकरण ने सभी उम्मीदवारों को मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट का पालन करने की याद दिलाई है, और सुरक्षा बलों को तीव्रता से चुनावी गतिविधियों के दौरान शांति बनाए रखने के लिये सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है।
विश्लेषकों का कहना है कि दोनों राज्यों में प्रतिस्पर्धी माहौल और राष्ट्रीय तथा क्षेत्रीय दलों के बीच सत्ता के लिए तीव्र संघर्ष इस बढ़ते अभियान का मुख्य कारण है।