📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Blessings always777
बिज़नेस
धनतेरस बिक्री में रिकॉर्ड 1.25 लाख करोड़ रुपये, CAIT ने बताया
✍️ The Hawk
🗓 07 नव. 2026, 10:51 AM
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कॉनफ़ेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) के अनुसार, धनतेरस की बिक्री अब तक का सबसे बड़ा रिकॉर्ड 1.25 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई है।
भारत में धनतेरस की खरीदारी का सीजन अब एक नया मील का पत्थर स्थापित कर चुका है, क्योंकि कॉन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) के आंकड़ों के अनुसार कुल कारोबार 1.25 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। यह राशि सोना, गहना, चांदी और अन्य उत्सव‑सम्बंधी ख़रीदारी को सम्मिलित करती है और अब तक के सबसे बड़े रिकॉर्ड को दर्शाती है।
CAIT की रिपोर्ट बताती है कि यह 1.25 लाख करोड़ रुपये का आंकड़ा पिछले वर्ष के लगभग 1.1 लाख करोड़ रुपये से काफी अधिक है। इस वृद्धि को बढ़ती ख़रीद‑शक्ति, सकारात्मक बाजार माहौल और पारम्परिक उपहारों की मजबूत माँग को कारण माना गया है।
मुख्य शहरों के खुदरा विक्रेताओं ने भारी भीड़ और सोने के गहनों की तेज़ बिक्री की सूचना दी, कई दुकानों ने त्यौहार की शुरुआत के कुछ ही दिनों में अपना स्टॉक समाप्त कर दिया। विशेषज्ञों का मानना है कि यह उछाल आगामी शादी‑सत्र और दीवाली उत्सवों से पहले उपभोक्ताओं के भरोसे को भी दर्शाता है।
धनतेरस में इस रिकॉर्ड‑तोड़ कारोबार से भारतीय अर्थव्यवस्था को समय पर प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है, जिससे गहना निर्माण, सहायक उद्योग और रिटेल सेक्टर में रोजगार को बढ़ावा मिलेगा।
CAIT की रिपोर्ट बताती है कि यह 1.25 लाख करोड़ रुपये का आंकड़ा पिछले वर्ष के लगभग 1.1 लाख करोड़ रुपये से काफी अधिक है। इस वृद्धि को बढ़ती ख़रीद‑शक्ति, सकारात्मक बाजार माहौल और पारम्परिक उपहारों की मजबूत माँग को कारण माना गया है।
मुख्य शहरों के खुदरा विक्रेताओं ने भारी भीड़ और सोने के गहनों की तेज़ बिक्री की सूचना दी, कई दुकानों ने त्यौहार की शुरुआत के कुछ ही दिनों में अपना स्टॉक समाप्त कर दिया। विशेषज्ञों का मानना है कि यह उछाल आगामी शादी‑सत्र और दीवाली उत्सवों से पहले उपभोक्ताओं के भरोसे को भी दर्शाता है।
धनतेरस में इस रिकॉर्ड‑तोड़ कारोबार से भारतीय अर्थव्यवस्था को समय पर प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है, जिससे गहना निर्माण, सहायक उद्योग और रिटेल सेक्टर में रोजगार को बढ़ावा मिलेगा।