📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / RJ Raawat
शिक्षा
दिल्ली में NGO ने बच्चों के ऑनलाइन जोखिमों पर परामर्श सत्र आयोजित किया
✍️ Hindustan Times
🗓 26 सित. 2026, 03:17 AM
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दिल्ली के एक NGO ने बच्चों को ऑनलाइन खतरे से बचाने के लिए विशेषज्ञों और हितधारकों को एकत्रित किया।
दिल्ली, 25 सितंबर (एचटी) – राजधानी में स्थित एक गैर‑सरकारी संगठन ने बच्चों को ऑनलाइन मिलने वाले विभिन्न जोखिमों पर चर्चा करने के लिये गुरुवार को एक परामर्श सत्र आयोजित किया। इस बैठक में बाल अधिकार कार्यकर्ता, साइबर‑सुरक्षा विशेषज्ञ, शिक्षाविद् और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के प्रतिनिधि शामिल हुए, जिन्होंने साइबर‑बुलीइंग, अनुचित सामग्री के संपर्क और डेटा‑गोपनीयता उल्लंघन जैसे उभरते खतरे पर प्रकाश डाला।
सत्र में हालिया शोध के आधार पर यह बताया गया कि स्कूल‑उम्र के बच्चों में डिजिटल दुर्व्यवहार के मामलों में वृद्धि देखी जा रही है और मौजूदा नियमों में अंतराल मौजूद है। NGO ने माता‑पिता के मार्गदर्शन उपकरण को सुदृढ़ करने, स्कूल पाठ्यक्रम में सुरक्षित इंटरनेट उपयोग को शामिल करने और अपराधियों के खिलाफ स्पष्ट कानूनी प्रावधान बनाने की मांग की।
परामर्श के बाद एक कार्यसूची तैयार की गई, जिसे दिल्ली सरकार और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय को प्रस्तुत किया जाएगा, ताकि नाबालिगों के ऑनलाइन सुरक्षा उपायों को प्रभावी बनाया जा सके।
सत्र में हालिया शोध के आधार पर यह बताया गया कि स्कूल‑उम्र के बच्चों में डिजिटल दुर्व्यवहार के मामलों में वृद्धि देखी जा रही है और मौजूदा नियमों में अंतराल मौजूद है। NGO ने माता‑पिता के मार्गदर्शन उपकरण को सुदृढ़ करने, स्कूल पाठ्यक्रम में सुरक्षित इंटरनेट उपयोग को शामिल करने और अपराधियों के खिलाफ स्पष्ट कानूनी प्रावधान बनाने की मांग की।
परामर्श के बाद एक कार्यसूची तैयार की गई, जिसे दिल्ली सरकार और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय को प्रस्तुत किया जाएगा, ताकि नाबालिगों के ऑनलाइन सुरक्षा उपायों को प्रभावी बनाया जा सके।