📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Avrajyoti Mitra
अपराध
दिल्ली हाईकोर्ट: सामूहिक दुष्कर्म में महिला भी आरोपित हो सकती है
✍️ Amar Ujala · Delhi
🗓 15 अक्टू. 2026, 07:46 PM
👁 15
दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि यदि कोई महिला सामूहिक दुष्कर्म की मंशा साझा करती है या उसमें मदद करती है, तो उसे भी उसी अपराध के तहत आरोपित किया जा सकता है।
दिल्ली हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए कहा कि सामूहिक दुष्कर्म की धारा लिंग-निर्पेक्ष है। कोर्ट ने कहा कि यदि कोई महिला सामूहिक दुष्कर्म की साझा मंशा रखती है या उसके कार्य में सहयोग करती है, तो उसे भी उसी अपराध के तहत अभियोगित किया जा सकता है। यह निर्णय यह स्पष्ट करता है कि जिम्मेदारी लिंग पर नहीं बल्कि भागीदारी पर आधारित है। विधि विशेषज्ञों ने कहा कि इस फैसले से मौजूदा कानून की सीमा विस्तृत होगी और सभी अपराधियों को, चाहे वह पुरुष हों या महिला, समान रूप से दंडित किया जा सकेगा। भविष्य में सहयोगी यौन हिंसा के मामलों में यह रुख न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित करेगा।