📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / U.S. Air Force photo by Capt. Emma Quirk
मौसम
नेपाल में बाढ़ से 392 मौत, 288 भारतीय सहित 1,468 लोग लापता
✍️ The Times of India
🗓 28 अग. 2026, 09:38 AM
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भारी मानसून की बारिश से नेपाल में बाढ़ ने 392 लोगों की जान ली और 1,468 लोगों को लापता बताया, जिसमें 288 भारतीय भी शामिल हैं।
भारी मानसून की बारिश ने मध्य नेपाल में तेज़ बाढ़ और भूस्खलन पैदा कर दिए, जिससे आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार 392 लोगों की मौत हो गई है। नेपाल की सेना और सिविल डिफेंस की बचाव टीमें बाढ़ से प्रभावित गाँवों की तलाशी ले रही हैं, पर 1,468 लोग अभी भी लापता हैं।
इन लापता लोगों में 288 भारतीय नागरिक शामिल हैं, जो बाढ़ के समय सीमा‑नज़दीकी क्षेत्रों में यात्रा या काम कर रहे थे। काठमांडू में भारतीय दूतावास ने एक हेल्पलाइन खोली है और लापता भारतीयों की खोज‑और‑सहायता के लिए नेपाल के अधिकारियों के साथ समन्वय कर रहा है।
स्थानीय प्रशासन ने सबसे अधिक प्रभावित जिलों में आपातकाल की घोषणा की है, अतिरिक्त राहत सामग्री, अस्थायी शरणस्थल और चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। अंतरराष्ट्रीय सहायता संगठनों ने भी स्थिति पर नज़र रखी है और औपचारिक सहायता अनुरोध का इंतजार कर रहे हैं।
यह आपदा हिमालयी क्षेत्र की अत्यधिक मौसमीय घटनाओं के प्रति संवेदनशीलता को उजागर करती है, जिससे समय पर चेतावनी प्रणाली और सीमा‑पार आपदा प्रबंधन के लिए सुधार की माँग बढ़ रही है।
इन लापता लोगों में 288 भारतीय नागरिक शामिल हैं, जो बाढ़ के समय सीमा‑नज़दीकी क्षेत्रों में यात्रा या काम कर रहे थे। काठमांडू में भारतीय दूतावास ने एक हेल्पलाइन खोली है और लापता भारतीयों की खोज‑और‑सहायता के लिए नेपाल के अधिकारियों के साथ समन्वय कर रहा है।
स्थानीय प्रशासन ने सबसे अधिक प्रभावित जिलों में आपातकाल की घोषणा की है, अतिरिक्त राहत सामग्री, अस्थायी शरणस्थल और चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। अंतरराष्ट्रीय सहायता संगठनों ने भी स्थिति पर नज़र रखी है और औपचारिक सहायता अनुरोध का इंतजार कर रहे हैं।
यह आपदा हिमालयी क्षेत्र की अत्यधिक मौसमीय घटनाओं के प्रति संवेदनशीलता को उजागर करती है, जिससे समय पर चेतावनी प्रणाली और सीमा‑पार आपदा प्रबंधन के लिए सुधार की माँग बढ़ रही है।