📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ministry of Personnel, Public Grievances and Pensi
देश
सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल के सदस्य ने संजीव चतुर्वेदी की याचिका से हटने की घोषणा, 17वें जज ने भी कदम उठाया
✍️ The New Indian Express
🗓 26 सित. 2026, 02:46 PM
👁 10
सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल के एक सदस्य ने पूर्व IAS अधिकारी संजीव चतुर्वेदी की याचिका से हटने का फैसला किया, जिससे इस मामले में 17वें जज ने कदम उठाया।
सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल (CAT) के एक सदस्य ने पूर्व IAS अधिकारी संजीव चतुर्वेदी द्वारा दायर याचिका की सुनवाई से खुद को हटाने का औपचारिक निर्णय लिया है। यह निर्णय लिखित आदेश में व्यक्तिगत कारणों के हवाले से दिया गया है, जिससे निष्पक्षता पर असर पड़ सकता है।
चतुर्वेदी की याचिका में उनके विभिन्न सरकारी पदों के दौरान की गई प्रशासनिक कार्यवाही को प्रक्रियात्मक त्रुटियों और अनुचित दबाव का सामना करने का आरोप लगाया गया है। यह मामला वरिष्ठ अधिकारियों की स्वतंत्रता और CAT की कार्यप्रणाली को लेकर व्यापक चर्चा का विषय बन गया है।
यह हटना इस मामले में 17वें जज के कदम उठाने को दर्शाता है, जिससे ट्रिब्यूनल की समय पर निर्णय देने की क्षमता पर सवाल उठ रहे हैं। कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि बार-बार हटने से मामले की प्रक्रिया में देरी हो सकती है और CAT में जजों के आवंटन की प्रक्रिया की पुनः समीक्षा की आवश्यकता उत्पन्न हो सकती है।
चतुर्वेदी की याचिका में उनके विभिन्न सरकारी पदों के दौरान की गई प्रशासनिक कार्यवाही को प्रक्रियात्मक त्रुटियों और अनुचित दबाव का सामना करने का आरोप लगाया गया है। यह मामला वरिष्ठ अधिकारियों की स्वतंत्रता और CAT की कार्यप्रणाली को लेकर व्यापक चर्चा का विषय बन गया है।
यह हटना इस मामले में 17वें जज के कदम उठाने को दर्शाता है, जिससे ट्रिब्यूनल की समय पर निर्णय देने की क्षमता पर सवाल उठ रहे हैं। कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि बार-बार हटने से मामले की प्रक्रिया में देरी हो सकती है और CAT में जजों के आवंटन की प्रक्रिया की पुनः समीक्षा की आवश्यकता उत्पन्न हो सकती है।