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बोरज ग्राम पंचायत में सरपंच चुनाव: चार प्रत्याशी, परिणाम 16 नवंबर को
बोरज ग्राम पंचायत में चार मीणा समुदाय के सरपंच प्रत्याशी हैं; चुनाव का परिणाम 16 नवंबर को घोषित होगा।
बोरज ग्राम पंचायत में आगामी सरपंच चुनाव के संबंध में स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता शंकर बरगोट ने जानकारी दी। ग्राम पंचायत बोरज से चार सरपंच प्रत्याशी – होमाराममीणा, रामलालमीणा, लालूराममीणा और महेशमीणा – इस चुनाव में भाग ले रहे हैं।
सभी प्रत्याशी मीणा समुदाय के हैं और वर्तमान में अपने-अपने प्रचार कार्यक्रमों में लगे हुए हैं। चुनावी माहौल शांत है और कोई स्पष्ट जीत का अनुमान नहीं लगाया जा रहा है।
मतदान 16 नवंबर को निर्धारित है और उसी दिन परिणाम घोषित किए जाएंगे। स्थानीय प्रशासन ने मतदान प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए आवश्यक व्यवस्था की है।
नागरिकों को मतदान के महत्व के बारे में जागरूक किया जा रहा है और सभी को मतदान में भाग लेने का आह्वान किया गया है।सामाजिक कार्यकर्ता शंकर बरगोट ने यह बताया कि राजस्थान में सरपंचीय स्थानीय निकाय चुनाव के दौरान मतदाताओं के लिए यह अत्यधिक महत्वपूर्ण है कि वह उम्मीदवारों से ऐसे प्रश्न पूछे जो कि सीधे उनके गांव के पारदर्शिता से जुड़े हो इन चुनाव में उम्मीदवार मतदाताओं से वादे तो करते हैं परंतु जमीनी हकीकत विकास की कमी और पारदर्शिता का अभाव अक्सर देखा जाता है ऐसे में मतदाताओं को जागरुक होकर उम्मीदवारों की मंशा और क्षमता को परखना चाहिए उम्मीदवारों से पूछे जाने वाले प्रमुख सवालों में गांव के विकास और बजट का हिसाब शामिल है
सभी प्रत्याशी मीणा समुदाय के हैं और वर्तमान में अपने-अपने प्रचार कार्यक्रमों में लगे हुए हैं। चुनावी माहौल शांत है और कोई स्पष्ट जीत का अनुमान नहीं लगाया जा रहा है।
मतदान 16 नवंबर को निर्धारित है और उसी दिन परिणाम घोषित किए जाएंगे। स्थानीय प्रशासन ने मतदान प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए आवश्यक व्यवस्था की है।
नागरिकों को मतदान के महत्व के बारे में जागरूक किया जा रहा है और सभी को मतदान में भाग लेने का आह्वान किया गया है।सामाजिक कार्यकर्ता शंकर बरगोट ने यह बताया कि राजस्थान में सरपंचीय स्थानीय निकाय चुनाव के दौरान मतदाताओं के लिए यह अत्यधिक महत्वपूर्ण है कि वह उम्मीदवारों से ऐसे प्रश्न पूछे जो कि सीधे उनके गांव के पारदर्शिता से जुड़े हो इन चुनाव में उम्मीदवार मतदाताओं से वादे तो करते हैं परंतु जमीनी हकीकत विकास की कमी और पारदर्शिता का अभाव अक्सर देखा जाता है ऐसे में मतदाताओं को जागरुक होकर उम्मीदवारों की मंशा और क्षमता को परखना चाहिए उम्मीदवारों से पूछे जाने वाले प्रमुख सवालों में गांव के विकास और बजट का हिसाब शामिल है