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भागलपुर: गरीब कैदियों के लिए जुर्माना माफी योजना पर सशक्त समिति की बैठक संपन्न
भागलपुर में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुई सशक्त समिति की बैठक में जुर्माना न भर पाने वाले 5 गरीब बंदियों को वित्तीय सहायता देने की अनुशंसा की गई है।
भागलपुर में गरीब बंदियों को जुर्माना चुकाने एवं जमानत हासिल करने में मदद करने के लिए गठित सशक्त समिति (Empowered Committee) की एक महत्वपूर्ण बैठक आज जिला पदाधिकारी, अलंकृता पांडे की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य उन कैदियों को वित्तीय सहायता प्रदान करना था जो जुर्माना राशि का भुगतान न कर पाने के कारण जेल में निरुद्ध हैं।
बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार, कारा के Judge in-charge और शहीद जुब्बा सहनी केंद्रीय कारा के अधीक्षक श्री अमित कुमार, विशेष केंद्रीय कारा के अधीक्षक श्री राजीव झा सहित कई अन्य महत्वपूर्ण पदाधिकारी उपस्थित थे। चर्चा के दौरान, कुल 8 सजायाफ्ता बंदियों के मामलों पर विचार किया गया जो जुर्माना जमा न कर पाने के कारण जेल में थे।
समिति ने गहन विचार-विमर्श के बाद 5 बंदियों को इस योजना के तहत सहायता प्रदान करने के योग्य पाया। इन 5 बंदियों पर कुल ₹11,000 का जुर्माना लंबित था, जिसे योजना के माध्यम से चुकाने की अनुशंसा की गई है। हालांकि, प्रोबेशन पदाधिकारी की जांच रिपोर्ट अभी प्राप्त न होने के कारण 2 अन्य बंदियों के मामलों पर निर्णय प्रक्रियाधीन है। योग्य पाए गए बंदियों की सूची को अंतिम स्वीकृति के लिए विभागीय स्तर पर भेजा जाएगा।
बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार, कारा के Judge in-charge और शहीद जुब्बा सहनी केंद्रीय कारा के अधीक्षक श्री अमित कुमार, विशेष केंद्रीय कारा के अधीक्षक श्री राजीव झा सहित कई अन्य महत्वपूर्ण पदाधिकारी उपस्थित थे। चर्चा के दौरान, कुल 8 सजायाफ्ता बंदियों के मामलों पर विचार किया गया जो जुर्माना जमा न कर पाने के कारण जेल में थे।
समिति ने गहन विचार-विमर्श के बाद 5 बंदियों को इस योजना के तहत सहायता प्रदान करने के योग्य पाया। इन 5 बंदियों पर कुल ₹11,000 का जुर्माना लंबित था, जिसे योजना के माध्यम से चुकाने की अनुशंसा की गई है। हालांकि, प्रोबेशन पदाधिकारी की जांच रिपोर्ट अभी प्राप्त न होने के कारण 2 अन्य बंदियों के मामलों पर निर्णय प्रक्रियाधीन है। योग्य पाए गए बंदियों की सूची को अंतिम स्वीकृति के लिए विभागीय स्तर पर भेजा जाएगा।