📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Dalton, House of Illusions
राजनीति
असम सीएम ने कहा, गैंडे की सुरक्षा में कोई पछतावा नहीं, कोई क्षमा नहीं
✍️ News18
🗓 24 सित. 2026, 11:17 AM
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असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य गैंडे की सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाएगा, और अवैध शिकार के खिलाफ अडिग रहेगा।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने राज्य के काज़ीरंगा और मानस राष्ट्रीय उद्यानों में रहने वाले संकटग्रस्त भारतीय गैंडे की सुरक्षा के लिए सरकार की अडिग प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि गैंडे की रक्षा के लिये आवश्यक सभी कदम उठाए जाएंगे और इस दिशा में "कोई पछतावा नहीं, कोई क्षमा नहीं, कोई खेद नहीं" कहा।
यह बयान वन्यजीव शिकार और आवास के अतिक्रमण को लेकर चल रही चिंताओं के बीच आया है, जो गैंडे की संख्या को खतरे में डाल रहा है। जबकि विशिष्ट उपायों का उल्लेख नहीं किया गया, मुख्यमंत्री का बयान संभवतः एंटी‑पॉइज़िंग गश्त, निगरानी तकनीक और स्थानीय समुदाय की भागीदारी को बढ़ाने की ओर संकेत करता है।
संरक्षण विशेषज्ञों ने इस मजबूत राजनीतिक समर्थन का स्वागत किया, यह मानते हुए कि गैंडे जैसे प्रतीकात्मक जीवों की दीर्घकालिक सुरक्षा के लिये निरंतर सरकारी समर्थन आवश्यक है, जो पर्यटन को भी बढ़ावा देता है।
यह बयान असम की वन्यजीव सुरक्षा को प्राथमिकता देने की दृढ़ता को रेखांकित करता है और राष्ट्रीय स्तर पर जैव विविधता संरक्षण के प्रयासों के साथ तालमेल बिठाता है।
यह बयान वन्यजीव शिकार और आवास के अतिक्रमण को लेकर चल रही चिंताओं के बीच आया है, जो गैंडे की संख्या को खतरे में डाल रहा है। जबकि विशिष्ट उपायों का उल्लेख नहीं किया गया, मुख्यमंत्री का बयान संभवतः एंटी‑पॉइज़िंग गश्त, निगरानी तकनीक और स्थानीय समुदाय की भागीदारी को बढ़ाने की ओर संकेत करता है।
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यह बयान असम की वन्यजीव सुरक्षा को प्राथमिकता देने की दृढ़ता को रेखांकित करता है और राष्ट्रीय स्तर पर जैव विविधता संरक्षण के प्रयासों के साथ तालमेल बिठाता है।