🔥 TRENDING అర్నబ్ తుఫాన్ ప్రభావంతో తణుకు RTC బస్స... ७ वी मध्ये शिकणाऱ्या विद्यार्थ्यांना स... Haryana Government Announces Public Ho... India: Power Ministry Urges Haryana to... विकास भवन सभागार में जिला स्तरीय उर्वर... తణుకు తహశీల్దార్ కార్యాలయ ఆవరణలో పెద్ద...
28 Oct 2026•
ગુજરાતી मराठी ਪੰਜਾਬੀ বাংলা
अन्नदाता की मेहनत पर पानी फेरने नहीं देंगे, किसानों को मिले तत्काल मुआवजा
Local

अन्नदाता की मेहनत पर पानी फेरने नहीं देंगे, किसानों को मिले तत्काल मुआवजा

✍️ Reporter: Pankaj Gupta 🗓 29 Sep 2026, 07:40 PM 👁 61
Share: 💬 WhatsApp 📘 Facebook 𝕏 Post

प्रभावित गांवों में तत्काल सर्वे कराकर पात्र किसानों को शीघ्र मुआवजा देने की मांग

जालौन। माधौगढ़ विधानसभा क्षेत्र-219 में पिछले दिनों हुई भारी बारिश और आंधी-तूफान से खरीफ की फसलों को हुए नुकसान का मुद्दा अब प्रमुखता से उठाया गया है। किसानों की समस्याओं को लेकर बहुजन समाज पार्टी के पदाधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी जालौन से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने प्रभावित किसानों को तत्काल राहत उपलब्ध कराने के साथ ही फसल क्षति का सर्वे कराकर नियमानुसार उचित मुआवजा दिलाए जाने की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि माधौगढ़ विधानसभा क्षेत्र के कई गांवों में तेज बारिश और आंधी-तूफान के कारण किसानों की खरीफ की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। प्राकृतिक आपदा के चलते किसानों की महीनों की मेहनत प्रभावित हुई है और उन्हें आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में प्रभावित गांवों में प्रशासन की ओर से तत्काल फसल क्षति का सर्वे कराया जाना जरूरी है, जिससे वास्तविक नुकसान का सही आकलन हो सके।
प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी से मांग की कि राजस्व विभाग सहित संबंधित विभागों की टीमों को प्रभावित गांवों में भेजकर निष्पक्ष एवं पारदर्शी सर्वे कराया जाए। सर्वे के आधार पर पात्र किसानों को शासन के नियमानुसार मुआवजा उपलब्ध कराने की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए, ताकि आपदा से प्रभावित किसानों को समय रहते आर्थिक राहत मिल सके।
इस दौरान बहुजन समाज पार्टी के जिलाध्यक्ष डॉ. बृजेश जाटव, माधौगढ़ विधानसभा क्षेत्र से बसपा प्रत्याशी आशीष कुमार पांडे, कुरौली एवं जिला पंचायत सदस्य जगम्मनपुर राघवेंद्र पांडे सहित क्षेत्र के अन्य बसपा पदाधिकारी मौजूद रहे। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि किसान प्रदेश की अर्थव्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी हैं। प्राकृतिक आपदा की स्थिति में किसानों को प्रशासनिक सहयोग और आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना आवश्यक है। प्रतिनिधिमंडल ने मांग की कि प्रभावित क्षेत्रों का शीघ्र सर्वे पूरा कराकर पात्र किसानों को मुआवजे का वितरण सुनिश्चित किया जाए, ताकि किसानों को फसल नुकसान से उत्पन्न आर्थिक संकट से राहत मिल सके।
📲Get App