Agriculture
70 वर्षीय रिटायर्ड होम्योपैथिक कंपाउंडर ने ₹40 लाख लगाकर बनाया आधुनिक बकरी फार्म
बिहार के मसौढ़ी में रहने वाले 70 वर्षीय अरुण कुमार सिंह ने रिटायरमेंट के बाद बकरी पालन को अपना व्यवसाय बनाया है। उनके बेटे के सहयोग से अब वे इंटीग्रेटेड फार्मिंग मॉडल तैयार करने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।
बिहार के मसौढ़ी में रहने वाले 70 वर्षीय रिटायर्ड होम्योपैथिक कंपाउंडर अरुण कुमार सिंह ने रिटायरमेंट के बाद आराम करने के बजाय बकरी पालन को अपना नया व्यवसाय बना लिया है। उन्होंने लगभग ₹40 लाख का निवेश करके एक आधुनिक बकरी फार्म तैयार किया है।
शुरुआती दिनों में अनुभव की कमी के कारण उन्हें कुछ परेशानियों का सामना करना पड़ा। इस समस्या का समाधान करने के लिए उन्होंने सुधीर सर से ट्रेनिंग और विशेषज्ञ सलाह ली, जिससे उनके फार्मिंग प्रबंधन में सुधार हुआ।
अब अरुण कुमार सिंह का लक्ष्य बकरी पालन के साथ मुर्गी पालन और भैंस पालन को जोड़कर एक इंटीग्रेटेड फार्मिंग मॉडल तैयार करना है। इस नए व्यवसाय में उनके बेटे भी सक्रिय रूप से सहयोग कर रहे हैं।
अरुण कुमार सिंह की यह कहानी प्रेरणादायक है, जो बताती है कि सीखने का जज्बा हो तो 70 साल की उम्र में भी नई शुरुआत की जा सकती है।
शुरुआती दिनों में अनुभव की कमी के कारण उन्हें कुछ परेशानियों का सामना करना पड़ा। इस समस्या का समाधान करने के लिए उन्होंने सुधीर सर से ट्रेनिंग और विशेषज्ञ सलाह ली, जिससे उनके फार्मिंग प्रबंधन में सुधार हुआ।
अब अरुण कुमार सिंह का लक्ष्य बकरी पालन के साथ मुर्गी पालन और भैंस पालन को जोड़कर एक इंटीग्रेटेड फार्मिंग मॉडल तैयार करना है। इस नए व्यवसाय में उनके बेटे भी सक्रिय रूप से सहयोग कर रहे हैं।
अरुण कुमार सिंह की यह कहानी प्रेरणादायक है, जो बताती है कि सीखने का जज्बा हो तो 70 साल की उम्र में भी नई शुरुआत की जा सकती है।