📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Vyacheslav Argenberg
ऑटोमोबाइल
बंदीकुई मार्ग से ६७ किमी दिल्ली‑जयपुर एक्सप्रेसवे खुला
✍️ The Financial Express
🗓 28 अक्टू. 2026, 04:36 AM
👁 18
बंदीकुई से होकर गुजरने वाला ६७ किमी लंबा नया एक्सप्रेसवे अब चालू है, जिससे दिल्ली‑जयपुर के यात्रियों और मालवाहकों को तेज़ मार्ग मिलेगा।
बंदीकुई, राजस्थान से होकर गुजरने वाला ६७ किमी लंबा दिल्ली‑जयपुर एक्सप्रेसवे अब जनता के लिए खुला है। चार लेन वाला यह मार्ग राष्ट्रीय राजधानी और पिंक सिटी के बीच यात्रा समय को घटाने के लिए बनाया गया है, जिससे पुरानी एनएच‑48 पर भीड़भाड़ कम होगी।
अधिकारियों ने बताया कि इस हाईवे में एलईडी संकेत, आपातकालीन टेलीफोन बॉक्स और स्पष्ट लेन डिवाइडर जैसी आधुनिक सुरक्षा सुविधाएँ स्थापित की गई हैं। नियमित अंतराल पर सेवा लेन और विश्राम स्थल भी यात्रियों की सुविधा के लिए बनाए गए हैं।
परिवहन कंपनियों को उम्मीद है कि यह नया मार्ग माल ढुलाई में दक्षता बढ़ाएगा, क्योंकि यह दूरी को कई किलोमीटर घटाता है और प्रमुख चौराहों पर जाम को समाप्त करता है। यह परियोजना राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र और राजस्थान के पर्यटन गलियारे को बेहतर जोड़ने के व्यापक लक्ष्य का हिस्सा है।
ड्राइवरों को सलाह दी गई है कि वे गति सीमा का पालन करें, निर्धारित टोल प्लाज़ा का उपयोग करें और सुरक्षा के लिए निर्धारित लेन अनुशासन अपनाएँ। शुरुआती महीनों में इस एक्सप्रेसवे पर लगभग १५,००० वाहन प्रतिदिन चलने की उम्मीद है।
यह मार्ग राष्ट्रीय राजमार्गों को अपग्रेड करने और पर्यटन, कृषि तथा विनिर्माण जैसे क्षेत्रों में क्षेत्रीय आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के सरकारी उद्देश्य के साथ मेल खाता है।
अधिकारियों ने बताया कि इस हाईवे में एलईडी संकेत, आपातकालीन टेलीफोन बॉक्स और स्पष्ट लेन डिवाइडर जैसी आधुनिक सुरक्षा सुविधाएँ स्थापित की गई हैं। नियमित अंतराल पर सेवा लेन और विश्राम स्थल भी यात्रियों की सुविधा के लिए बनाए गए हैं।
परिवहन कंपनियों को उम्मीद है कि यह नया मार्ग माल ढुलाई में दक्षता बढ़ाएगा, क्योंकि यह दूरी को कई किलोमीटर घटाता है और प्रमुख चौराहों पर जाम को समाप्त करता है। यह परियोजना राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र और राजस्थान के पर्यटन गलियारे को बेहतर जोड़ने के व्यापक लक्ष्य का हिस्सा है।
ड्राइवरों को सलाह दी गई है कि वे गति सीमा का पालन करें, निर्धारित टोल प्लाज़ा का उपयोग करें और सुरक्षा के लिए निर्धारित लेन अनुशासन अपनाएँ। शुरुआती महीनों में इस एक्सप्रेसवे पर लगभग १५,००० वाहन प्रतिदिन चलने की उम्मीद है।
यह मार्ग राष्ट्रीय राजमार्गों को अपग्रेड करने और पर्यटन, कृषि तथा विनिर्माण जैसे क्षेत्रों में क्षेत्रीय आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के सरकारी उद्देश्य के साथ मेल खाता है।