कृषि
उज्जैन संभागायुक्त ने वृंदावन ग्राम तनोड़िया में पशुपालकों से किया संवाद, नस्ल सुधार हेतु दिए निर्देश
उज्जैन संभागायुक्त आशीष सिंह ने वृंदावन ग्राम तनोड़िया में आयोजित पशुपालक सम्मेलन में दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के उपायों पर चर्चा की और सेक्स सॉर्टेड सीमन के माध्यम से कृत्रिम गर्भाधान बढ़ाने के निर्देश दिए।
उज्जैन, 23 अक्टूबर। उज्जैन संभाग के आगर-मालवा जिले में वृंदावन ग्राम योजना के तहत चयनित वृंदावन ग्राम तनोड़िया में शुक्रवार को पशुपालन विभाग द्वारा दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के उद्देश्य से पशुपालक सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उज्जैन संभाग के संभागायुक्त श्री आशीष सिंह, उज्जैन रेंज के एडीजी श्री राकेश कुमार गुप्ता, कलेक्टर डॉ. शेर सिंह मीणा एवं पुलिस अधीक्षक श्री दिलीप सोनी उपस्थित रहे। सम्मेलन में पशुपालकों की समस्याओं और सुझावों पर विस्तृत चर्चा की गई।
संभागायुक्त श्री आशीष सिंह ने उपस्थित पशुपालकों से व्यक्तिगत संवाद कर ग्राम में पशुपालकों की संख्या, देशी नस्ल के गोवंश की उपलब्धता, दुग्ध उत्पादन और दुग्ध सहकारी समिति के गठन की स्थिति पर जानकारी प्राप्त की। उन्होंने उपसंचालक पशुपालन को निर्देश दिए कि गोवंश में नस्ल सुधार और दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए पशुपालकों को प्रेरित कर सेक्स सॉर्टेड सीमन के माध्यम से कृत्रिम गर्भाधान को बढ़ावा दिया जाए। साथ ही, पशुपालकों की मांग पर उन्होंने एसडीएम और तहसीलदार को गोचर भूमि से अतिक्रमण हटाकर भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के निर्देश भी दिए। संभागायुक्त ने पशुपालकों से गोपालकृष्ण ग्राम पुरस्कार योजना के तहत अधिक से अधिक देशी नस्ल के गोवंश का पंजीयन कराने का आह्वान भी किया।
एडीजी श्री राकेश कुमार गुप्ता ने ग्रामीणों की मांग पर तनोड़िया में नवीन ग्रामीण पुलिस थाना स्थापित करने का प्रस्ताव तैयार कर भेजने के निर्देश पुलिस अधीक्षक को दिए। उन्होंने सड़क दुर्घटना में घायलों की मदद के लिए वॉलिंटियर्स और ग्रामीणों को उचित प्रशिक्षण देने की व्यवस्था करने का भी निर्देश दिया। कलेक्टर डॉ. शेर सिंह मीणा ने मुख्यमंत्री गोपालकृष्ण ग्राम पुरस्कार योजना की जानकारी देते हुए ग्रामीणों से देशी नस्ल की गायों का पालन करने और योजना में भाग लेने का आग्रह किया।
इस अवसर पर सांची दुग्ध संघ उज्जैन के सीईओ श्री धनराज खत्री ने बताया कि राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड के सहयोग से प्रदेश में दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए उज्जैन संभाग के लिए 600 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसी के तहत तनोड़िया में 150 करोड़ रुपये की लागत से एक पशु आहार निर्माण संयंत्र स्थापित करने पर विचार किया जा रहा है। उपसंचालक पशुपालन डॉ. महेश जारोलिया ने डॉ. आंबेडकर कामधेनु, डेयरी प्लस एवं आचार्य विद्यासागर योजनाओं के लाभों के बारे में पशुपालकों को अवगत कराया। सम्मेलन में जिला पंचायत सीईओ, एसडीएम, जनपद सीईओ और बड़ी संख्या में पशुपालक उपस्थित थे।
संभागायुक्त श्री आशीष सिंह ने उपस्थित पशुपालकों से व्यक्तिगत संवाद कर ग्राम में पशुपालकों की संख्या, देशी नस्ल के गोवंश की उपलब्धता, दुग्ध उत्पादन और दुग्ध सहकारी समिति के गठन की स्थिति पर जानकारी प्राप्त की। उन्होंने उपसंचालक पशुपालन को निर्देश दिए कि गोवंश में नस्ल सुधार और दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए पशुपालकों को प्रेरित कर सेक्स सॉर्टेड सीमन के माध्यम से कृत्रिम गर्भाधान को बढ़ावा दिया जाए। साथ ही, पशुपालकों की मांग पर उन्होंने एसडीएम और तहसीलदार को गोचर भूमि से अतिक्रमण हटाकर भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के निर्देश भी दिए। संभागायुक्त ने पशुपालकों से गोपालकृष्ण ग्राम पुरस्कार योजना के तहत अधिक से अधिक देशी नस्ल के गोवंश का पंजीयन कराने का आह्वान भी किया।
एडीजी श्री राकेश कुमार गुप्ता ने ग्रामीणों की मांग पर तनोड़िया में नवीन ग्रामीण पुलिस थाना स्थापित करने का प्रस्ताव तैयार कर भेजने के निर्देश पुलिस अधीक्षक को दिए। उन्होंने सड़क दुर्घटना में घायलों की मदद के लिए वॉलिंटियर्स और ग्रामीणों को उचित प्रशिक्षण देने की व्यवस्था करने का भी निर्देश दिया। कलेक्टर डॉ. शेर सिंह मीणा ने मुख्यमंत्री गोपालकृष्ण ग्राम पुरस्कार योजना की जानकारी देते हुए ग्रामीणों से देशी नस्ल की गायों का पालन करने और योजना में भाग लेने का आग्रह किया।
इस अवसर पर सांची दुग्ध संघ उज्जैन के सीईओ श्री धनराज खत्री ने बताया कि राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड के सहयोग से प्रदेश में दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए उज्जैन संभाग के लिए 600 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसी के तहत तनोड़िया में 150 करोड़ रुपये की लागत से एक पशु आहार निर्माण संयंत्र स्थापित करने पर विचार किया जा रहा है। उपसंचालक पशुपालन डॉ. महेश जारोलिया ने डॉ. आंबेडकर कामधेनु, डेयरी प्लस एवं आचार्य विद्यासागर योजनाओं के लाभों के बारे में पशुपालकों को अवगत कराया। सम्मेलन में जिला पंचायत सीईओ, एसडीएम, जनपद सीईओ और बड़ी संख्या में पशुपालक उपस्थित थे।