📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Vice President's Secretariat
राजनीति
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गहलोत को 24 घंटे में सबूत या माफी का अल्टीमेटम दिया
✍️ Amar Ujala · Rajasthan
🗓 04 नव. 2026, 07:31 AM
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मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने वरिष्ठ नेता अशोक गहलोत को अपने आरोपों के सबूत या माफी 24 घंटे में देने का आदेश दिया, जिससे राजस्थान में राजनीतिक तनाव बढ़ा।
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने वरिष्ठ भाजपा नेता अशोक गहलोत को एक कड़ा अल्टीमेटम दिया, जिसमें उन्होंने अगले २४ घंटे में अपने आरोपों के ठोस सबूत प्रस्तुत करने या सार्वजनिक रूप से माफी माँगने का आदेश दिया। यह घोषणा जयपुर में एक प्रेस ब्रीफ़िंग के दौरान की गई, जहाँ शर्मा ने जवाबदेही की आवश्यकता पर बल दिया और कहा कि बिना प्रमाण के विरोधी की बातें विश्वसनीय नहीं होंगी।
गहलोत के आरोप, जो अभी तक सार्वजनिक रूप से विस्तृत नहीं हुए हैं, ने राज्य में तीव्र विवाद को जन्म दिया है और पार्टी के भीतर तथा मीडिया में चर्चा को भड़का दिया है। मुख्यमंत्री ने इन आरोपों को निराधार बताया और कहा कि किसी भी वास्तविक शिकायत को प्रमाणित दस्तावेज़ों से समर्थन मिलना चाहिए।
इस पर प्रतिक्रिया स्वरूप दो अन्य वरिष्ठ पार्टी नेता, डोटासरा और टीकाराम जूली ने भी गहलोत से माफी माँगने की मांग की, उनके बयान ने गहलोत पर अतिरिक्त दबाव डाला।
विश्लेषकों का मानना है कि यह घटना आगामी चुनावों से पहले पार्टी के अंदरूनी समीकरणों को प्रभावित कर सकती है, क्योंकि नेतृत्व एकजुटता दिखाने के साथ-साथ आंतरिक असंतोष को भी संभालने की कोशिश कर रहा है।
गहलोत के आरोप, जो अभी तक सार्वजनिक रूप से विस्तृत नहीं हुए हैं, ने राज्य में तीव्र विवाद को जन्म दिया है और पार्टी के भीतर तथा मीडिया में चर्चा को भड़का दिया है। मुख्यमंत्री ने इन आरोपों को निराधार बताया और कहा कि किसी भी वास्तविक शिकायत को प्रमाणित दस्तावेज़ों से समर्थन मिलना चाहिए।
इस पर प्रतिक्रिया स्वरूप दो अन्य वरिष्ठ पार्टी नेता, डोटासरा और टीकाराम जूली ने भी गहलोत से माफी माँगने की मांग की, उनके बयान ने गहलोत पर अतिरिक्त दबाव डाला।
विश्लेषकों का मानना है कि यह घटना आगामी चुनावों से पहले पार्टी के अंदरूनी समीकरणों को प्रभावित कर सकती है, क्योंकि नेतृत्व एकजुटता दिखाने के साथ-साथ आंतरिक असंतोष को भी संभालने की कोशिश कर रहा है।