📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / ಗೌರವ್ ಶೆಟ್ಟಿ
शिक्षा
कर्नाटक बोर्ड ने 2026 की द्वितीय पीयूसी सुधार परीक्षा के नियम बदले
✍️ Shiksha.com
🗓 30 अक्टू. 2026, 06:50 PM
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कर्नाटक प्री‑यूनिवर्सिटी बोर्ड ने 2026 की द्वितीय पीयूसी सुधार परीक्षा के लिए नई नियमावली जारी की, जिसमें पात्रता, शुल्क और समय‑सीमा में बदलाव शामिल हैं।
कर्नाटक प्री‑यूनिवर्सिटी काउंसिल (KPUC) ने 2026 की द्वितीय पीयूसी सुधार परीक्षा के लिए नई नियमावली जारी की है। शैक्षिक पोर्टल Shiksha.com पर प्रकाशित इस नोटिस में पात्रता, शुल्क और आवेदन‑परिणाम की समय‑सीमा में बदलाव बताया गया है।
नए दिशा‑निर्देशों के अनुसार, जो छात्र पहले द्वितीय पीयूसी में बैठ चुके हैं, वे अब संशोधित प्रक्रिया के तहत सुधार परीक्षा के लिए आवेदन कर सकते हैं। पंजीकरण प्रक्रिया को सरल बनाया गया है और आवश्यक दस्तावेजों की सूची स्पष्ट की गई है। शुल्क में भी संशोधन किया गया है, हालांकि विशिष्ट राशि का उल्लेख नहीं किया गया।
यह कदम उम्मीदवारों को स्पष्ट दिशा‑निर्देश प्रदान करने और पिछले चक्रों में रिपोर्ट किए गए प्रशासनिक अड़चनों को कम करने के उद्देश्य से उठाया गया है। काउंसिल ने छात्रों से अनुरोध किया है कि वे आधिकारिक वेबसाइट पर विस्तृत नोटिस देखें और नई प्रक्रिया का पालन करें।
स्कूलों और कोचिंग संस्थानों को भी यह जानकारी शीघ्रता से विद्यार्थियों तक पहुँचाने की सलाह दी गई है, क्योंकि नोटिस जारी होते ही आवेदन अवधि खुलने वाली है।
बोर्ड ने कहा है कि यह सुधार छात्रों को अंतिम विश्वविद्यालय प्रवेश प्रक्रिया से पहले अपने अंक सुधारने का निष्पक्ष अवसर प्रदान करेगा।
नए दिशा‑निर्देशों के अनुसार, जो छात्र पहले द्वितीय पीयूसी में बैठ चुके हैं, वे अब संशोधित प्रक्रिया के तहत सुधार परीक्षा के लिए आवेदन कर सकते हैं। पंजीकरण प्रक्रिया को सरल बनाया गया है और आवश्यक दस्तावेजों की सूची स्पष्ट की गई है। शुल्क में भी संशोधन किया गया है, हालांकि विशिष्ट राशि का उल्लेख नहीं किया गया।
यह कदम उम्मीदवारों को स्पष्ट दिशा‑निर्देश प्रदान करने और पिछले चक्रों में रिपोर्ट किए गए प्रशासनिक अड़चनों को कम करने के उद्देश्य से उठाया गया है। काउंसिल ने छात्रों से अनुरोध किया है कि वे आधिकारिक वेबसाइट पर विस्तृत नोटिस देखें और नई प्रक्रिया का पालन करें।
स्कूलों और कोचिंग संस्थानों को भी यह जानकारी शीघ्रता से विद्यार्थियों तक पहुँचाने की सलाह दी गई है, क्योंकि नोटिस जारी होते ही आवेदन अवधि खुलने वाली है।
बोर्ड ने कहा है कि यह सुधार छात्रों को अंतिम विश्वविद्यालय प्रवेश प्रक्रिया से पहले अपने अंक सुधारने का निष्पक्ष अवसर प्रदान करेगा।