📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Busition
मनोरंजन
वार्नर म्यूजिक इंडिया ने जेमिनी म्यूजिक कैटलॉग खरीदा, गौतम मेनन व मैजिक फ्रेम्स के साथ साझेदारी
✍️ Music Business Worldwide
🗓 20 अक्टू. 2026, 03:03 AM
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वार्नर म्यूजिक इंडिया ने जेमिनी म्यूजिक कैटलॉग खरीदा और फिल्म निर्माता गौतम वासुदेव मेनन व मलयालम कंपनी मैजिक फ्रेम्स के साथ समझौते किए, जिससे भारतीय संगीत पोर्टफोलियो का विस्तार हुआ।
वार्नर म्यूजिक इंडिया ने जेमिनी म्यूजिक कैटलॉग का अधिग्रहण किया, जिससे उसके भारतीय संगीत पोर्टफोलियो में कई क्षेत्रीय और फ़िल्मी गानों का बड़ा संग्रह जुड़ गया। यह लेन‑देन कंपनी के लिए अब तक का सबसे बड़ा कैटलॉग खरीद माना जा रहा है।
इस अधिग्रहण के साथ वार्नर ने अनुभवी फ़िल्म निर्माता गौतम वासुदेव मेनन और मलयालम फिल्म कंपनी मैजिक फ्रेम्स के साथ साझेदारी समझौते भी किए हैं। दोनों पक्ष संगीत प्रकाशन, वितरण और नई फ़िल्म‑गीत परियोजनाओं में मिलकर काम करेंगे।
विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम वार्नर को भारत के तेज़ी से बढ़ते संगीत बाजार में मजबूत स्थिति देता है, जहाँ स्थानीय कैटलॉग की गहराई और फ़िल्म संगीत सहयोग मुख्य विकास कारक हैं। जेमिनी के बैक‑कैटलॉग को मेनन और मैजिक फ्रेम्स की रचनात्मक पाइपलाइन के साथ जोड़कर, वार्नर स्ट्रीमिंग और लाइसेंसिंग से आय बढ़ाने की योजना बना रहा है।
यह अधिग्रहण वैश्विक संगीत दिग्गजों द्वारा भारतीय संगीत संपत्तियों को एकत्रित करने की प्रवृत्ति को भी दर्शाता है, जिसका उद्देश्य देश के बढ़ते डिजिटल दर्शकों और क्षेत्रीय सामग्री की मांग को पूरा करना है।
इस अधिग्रहण के साथ वार्नर ने अनुभवी फ़िल्म निर्माता गौतम वासुदेव मेनन और मलयालम फिल्म कंपनी मैजिक फ्रेम्स के साथ साझेदारी समझौते भी किए हैं। दोनों पक्ष संगीत प्रकाशन, वितरण और नई फ़िल्म‑गीत परियोजनाओं में मिलकर काम करेंगे।
विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम वार्नर को भारत के तेज़ी से बढ़ते संगीत बाजार में मजबूत स्थिति देता है, जहाँ स्थानीय कैटलॉग की गहराई और फ़िल्म संगीत सहयोग मुख्य विकास कारक हैं। जेमिनी के बैक‑कैटलॉग को मेनन और मैजिक फ्रेम्स की रचनात्मक पाइपलाइन के साथ जोड़कर, वार्नर स्ट्रीमिंग और लाइसेंसिंग से आय बढ़ाने की योजना बना रहा है।
यह अधिग्रहण वैश्विक संगीत दिग्गजों द्वारा भारतीय संगीत संपत्तियों को एकत्रित करने की प्रवृत्ति को भी दर्शाता है, जिसका उद्देश्य देश के बढ़ते डिजिटल दर्शकों और क्षेत्रीय सामग्री की मांग को पूरा करना है।