📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ministry of Health and Family Welfare
बिज़नेस
उत्तarakhand में 29,000 से अधिक नई MSME इकाइयाँ स्थापित, मुख्यमंत्री धामी ने कहा
✍️ Livemint
🗓 09 अक्टू. 2026, 12:31 AM
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मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड में 29,000 से अधिक माइक्रो, छोटे और मध्यम उद्यम स्थापित हुए हैं, जो राज्य की उद्यमिता में वृद्धि दर्शाते हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बताया कि उत्तराखंड में 29,000 से अधिक नई माइक्रो, छोटे और मध्यम उद्यम (MSME) स्थापित हुए हैं। यह आंकड़ा हालिया प्रेस ब्रीफ़िंग में जारी किया गया और राज्य के छोटे‑व्यवसायी इकोसिस्टम में उल्लेखनीय विस्तार को दर्शाता है।
धामी ने कहा कि इस वृद्धि का कारण सरकार की लाइसेंसिंग को सरल बनाने, क्रेडिट तक पहुँच आसान करने और उद्यमियों के लिये अनुकूल माहौल बनाने वाली नीतियों का प्रभाव है। उन्होंने बताया कि ये MSME पर्यटन, हस्तशिल्प, कृषि‑प्रसंस्करण और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में फैले हैं।
हालांकि रोजगार के विस्तृत आँकड़े नहीं दिए गए, अधिकारियों ने संकेत दिया कि नई इकाइयाँ विशेषकर ग्रामीण और अर्ध‑शहरी क्षेत्रों में पर्याप्त नौकरी के अवसर पैदा करेंगी। सरकार इस गति को ट्रैक करने और आगे समर्थन प्रदान करने की योजना बना रही है।
उत्तराखंड की प्रशासनिक टीम MSME विस्तार को अपने व्यापक आर्थिक विकास रणनीति का मुख्य आधार मानती है, जिससे राज्य की आय स्रोतों को पारम्परिक क्षेत्रों से परे विविधित किया जा सके।
मुख्यमंत्री ने सभी वर्तमान और संभावित उद्यमियों से राज्य की नीतियों का लाभ उठाने और क्षेत्रीय समावेशी विकास में योगदान देने का आह्वान किया।
धामी ने कहा कि इस वृद्धि का कारण सरकार की लाइसेंसिंग को सरल बनाने, क्रेडिट तक पहुँच आसान करने और उद्यमियों के लिये अनुकूल माहौल बनाने वाली नीतियों का प्रभाव है। उन्होंने बताया कि ये MSME पर्यटन, हस्तशिल्प, कृषि‑प्रसंस्करण और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में फैले हैं।
हालांकि रोजगार के विस्तृत आँकड़े नहीं दिए गए, अधिकारियों ने संकेत दिया कि नई इकाइयाँ विशेषकर ग्रामीण और अर्ध‑शहरी क्षेत्रों में पर्याप्त नौकरी के अवसर पैदा करेंगी। सरकार इस गति को ट्रैक करने और आगे समर्थन प्रदान करने की योजना बना रही है।
उत्तराखंड की प्रशासनिक टीम MSME विस्तार को अपने व्यापक आर्थिक विकास रणनीति का मुख्य आधार मानती है, जिससे राज्य की आय स्रोतों को पारम्परिक क्षेत्रों से परे विविधित किया जा सके।
मुख्यमंत्री ने सभी वर्तमान और संभावित उद्यमियों से राज्य की नीतियों का लाभ उठाने और क्षेत्रीय समावेशी विकास में योगदान देने का आह्वान किया।