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बिज़नेस
उत्तरी प्रदेश ने जीसीसी विकास योजना में एंटरप्राइज़ जरूरतों को प्रमुख बनाया
✍️ Business Standard
🗓 10 सित. 2026, 08:04 PM
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Zinnov Confluence 2026 में उत्तर प्रदेश ने जीसीसी विकास एजेंडा में एंटरप्राइज़ आवश्यकताओं को प्रमुखता दी।
उत्तर प्रदेश के प्रतिनिधियों ने ज़िनोव कॉन्फ्लुएंस 2026 में एक विस्तृत रोडमैप पेश किया, जिसमें बताया गया कि राज्य की ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (जीसीसी) विकास योजना एंटरप्राइज़ की विशिष्ट जरूरतों पर आधारित होगी। इस सत्र में राज्य के इन्फ्रास्ट्रक्चर एवं निवेश विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और प्रौद्योगिकी एवं सेवा क्षेत्रों के नेताओं ने आगामी नीति ढांचे की रूपरेखा तैयार की।
प्रस्ताव का मुख्य बिंदु यह है कि बड़े और मध्यम आकार के एंटरप्राइज़ की संचालनात्मक आवश्यकताओं के अनुसार बुनियादी ढांचा, कौशल विकास और नियामक प्रोत्साहन को समायोजित किया जाए। कंपनियों की मांग के अनुसार कनेक्टिविटी, डेटा सेंटर क्षमता और प्रशिक्षण कार्यक्रमों को तैयार करके उत्तर प्रदेश अपने जीसीसी इकोसिस्टम को अधिक प्रतिस्पर्धी और आकर्षक बनाना चाहता है।
राज्य के अधिकारियों ने बताया कि यह एंटरप्राइज़‑केंद्रित दृष्टिकोण रोजगार सृजन और विदेशी प्रत्यक्ष निवेश में उल्लेखनीय वृद्धि लाएगा, जो भारत के जीसीसी विस्तार के राष्ट्रीय लक्ष्य के साथ मेल खाता है। योजना में व्यवसाय समुदाय से निरंतर फीडबैक प्राप्त करने की व्यवस्था भी शामिल है, ताकि नीतियां बाजार की बदलती परिस्थितियों के अनुरूप बनी रहें।
ज़िनोव कॉन्फ्लुएंस में यह घोषणा उत्तर प्रदेश की उत्तर भारत में प्रमुख जीसीसी हब बनने की महत्वाकांक्षा को रेखांकित करती है, जहाँ बड़ी प्रतिभा पूल और उन्नत लॉजिस्टिक बुनियादी ढांचा वैश्विक एंटरप्राइज़ के रणनीतिक लक्ष्यों को पूरा करने में मदद करेगा।
प्रस्ताव का मुख्य बिंदु यह है कि बड़े और मध्यम आकार के एंटरप्राइज़ की संचालनात्मक आवश्यकताओं के अनुसार बुनियादी ढांचा, कौशल विकास और नियामक प्रोत्साहन को समायोजित किया जाए। कंपनियों की मांग के अनुसार कनेक्टिविटी, डेटा सेंटर क्षमता और प्रशिक्षण कार्यक्रमों को तैयार करके उत्तर प्रदेश अपने जीसीसी इकोसिस्टम को अधिक प्रतिस्पर्धी और आकर्षक बनाना चाहता है।
राज्य के अधिकारियों ने बताया कि यह एंटरप्राइज़‑केंद्रित दृष्टिकोण रोजगार सृजन और विदेशी प्रत्यक्ष निवेश में उल्लेखनीय वृद्धि लाएगा, जो भारत के जीसीसी विस्तार के राष्ट्रीय लक्ष्य के साथ मेल खाता है। योजना में व्यवसाय समुदाय से निरंतर फीडबैक प्राप्त करने की व्यवस्था भी शामिल है, ताकि नीतियां बाजार की बदलती परिस्थितियों के अनुरूप बनी रहें।
ज़िनोव कॉन्फ्लुएंस में यह घोषणा उत्तर प्रदेश की उत्तर भारत में प्रमुख जीसीसी हब बनने की महत्वाकांक्षा को रेखांकित करती है, जहाँ बड़ी प्रतिभा पूल और उन्नत लॉजिस्टिक बुनियादी ढांचा वैश्विक एंटरप्राइज़ के रणनीतिक लक्ष्यों को पूरा करने में मदद करेगा।