📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Shealeah Craighead
वायरल
ट्रम्प के अधिकारी को झूठी भारतीय बाजार गिरावट की खबर पर ऑनलाइन मज़ाक का सामना
✍️ The Times of India
🗓 10 अक्टू. 2026, 07:46 AM
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ट्रम्प के वरिष्ठ अधिकारी को अमेरिकी ग्रीन‑कार्ड प्रतिबंधों के कारण भारतीय शेयर बाजार में गिरावट के झूठे दावे के बाद सोशल मीडिया पर व्यापक मज़ाक का सामना करना पड़ा।
पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के एक वरिष्ठ सलाहकार ने यह दावा किया कि हाल ही में लागू अमेरिकी ग्रीन‑कार्ड प्रतिबंधों ने भारतीय शेयर बाजार को गिरा दिया है। यह बयान सार्वजनिक मंच पर साझा किया गया और निवेशकों के भारतीय इक्विटीज़ से बाहर निकलने की बात कही गई।
यह टिप्पणी तुरंत ही नेटिज़न्स, वित्तीय विश्लेषकों और भारतीय मीडिया की तीखी आलोचना और मज़ाक का विषय बन गई। ट्विटर और अन्य मंचों पर उपयोगकर्ताओं ने इस बात को उजागर किया कि भारत के बाजार में उस दिन कोई गिरावट नहीं देखी गई और इस दावे को बुनियादी रूप से निराधार कहा गया, जिससे यह पोस्ट वायरल मीम बन गया।
तथ्य‑जांच एजेंसियों ने पुष्टि की कि दावे के समय भारतीय सूचकांक स्थिर रहे और अमेरिकी नीति परिवर्तन को किसी भी बाजार अस्थिरता से जोड़ने का कोई प्रमाण नहीं मिला। यह घटना दिखाती है कि बिना प्रमाण के राजनीतिक टिप्पणी सीमाओं के पार गलत जानकारी फैलाने का कारण बन सकती है, विशेषकर जब आर्थिक मुद्दे शामिल हों।
यह टिप्पणी तुरंत ही नेटिज़न्स, वित्तीय विश्लेषकों और भारतीय मीडिया की तीखी आलोचना और मज़ाक का विषय बन गई। ट्विटर और अन्य मंचों पर उपयोगकर्ताओं ने इस बात को उजागर किया कि भारत के बाजार में उस दिन कोई गिरावट नहीं देखी गई और इस दावे को बुनियादी रूप से निराधार कहा गया, जिससे यह पोस्ट वायरल मीम बन गया।
तथ्य‑जांच एजेंसियों ने पुष्टि की कि दावे के समय भारतीय सूचकांक स्थिर रहे और अमेरिकी नीति परिवर्तन को किसी भी बाजार अस्थिरता से जोड़ने का कोई प्रमाण नहीं मिला। यह घटना दिखाती है कि बिना प्रमाण के राजनीतिक टिप्पणी सीमाओं के पार गलत जानकारी फैलाने का कारण बन सकती है, विशेषकर जब आर्थिक मुद्दे शामिल हों।