शिक्षा
शंकरा पब्लिक स्कूल में दीपावली‑राज्य स्थापना दिवस के समारोह में लोकनृत्य की रंगीन झलक
यहाँ देखें:
📘 Facebook
शंकरा पब्लिक स्कूल, हरदी (बिलासपुर) ने दीपावली और छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत सुवा व रावत नृत्य तथा विभिन्न सांस्कृतिक प्रतियोगिताओं के साथ भव्य कार्यक्रम आयोजित किया।
बिलासपुर जिले के हरदी गाँव स्थित शंकरा पब्लिक स्कूल ने गुरुवार को दीपावली एवं छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में रंगीन सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया। इस अवसर पर स्कूल के परिसर को दीपों और फूलों से सजाया गया और स्थानीय जनता की बड़ी संख्या ने उपस्थित होकर उत्सव में भाग लिया।
कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण में विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत सुवा नृत्य और रावत नृत्य रहे, जिनकी मनमोहक प्रस्तुति ने दर्शकों का दिल जीत लिया। इन प्रस्तुतियों से छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति और परम्पराओं की झलक स्पष्ट रूप से देखने को मिली।
साथ ही रंगोली प्रतियोगिता, थाली सजावट और अभिवादन पत्र निर्माण जैसी विभिन्न प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया। बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए एक-एक कर आकर्षक रंगोली बनायीं और अपनी रचनात्मक क्षमता का प्रदर्शन किया।
स्कूल की डायरेक्टर ममता शर्मा ने कहा, "हर वर्ष की तरह इस बार भी विद्यालय में दीपावली और राज्य स्थापना दिवस को बड़े उत्साह के साथ मनाया गया। ऐसे कार्यक्रम बच्चों को छत्तीसगढ़ की लोकसंस्कृति, परम्पराओं और कला से जोड़ने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करते हैं।" उन्होंने उपस्थित बच्चों, अभिभावकों और स्कूल स्टाफ का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर हरदी गाँव के कई लोग भी बड़े उत्साह के साथ उपस्थित रहे, जिससे कार्यक्रम की गरिमा और भी बढ़ गई।
कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण में विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत सुवा नृत्य और रावत नृत्य रहे, जिनकी मनमोहक प्रस्तुति ने दर्शकों का दिल जीत लिया। इन प्रस्तुतियों से छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति और परम्पराओं की झलक स्पष्ट रूप से देखने को मिली।
साथ ही रंगोली प्रतियोगिता, थाली सजावट और अभिवादन पत्र निर्माण जैसी विभिन्न प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया। बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए एक-एक कर आकर्षक रंगोली बनायीं और अपनी रचनात्मक क्षमता का प्रदर्शन किया।
स्कूल की डायरेक्टर ममता शर्मा ने कहा, "हर वर्ष की तरह इस बार भी विद्यालय में दीपावली और राज्य स्थापना दिवस को बड़े उत्साह के साथ मनाया गया। ऐसे कार्यक्रम बच्चों को छत्तीसगढ़ की लोकसंस्कृति, परम्पराओं और कला से जोड़ने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करते हैं।" उन्होंने उपस्थित बच्चों, अभिभावकों और स्कूल स्टाफ का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर हरदी गाँव के कई लोग भी बड़े उत्साह के साथ उपस्थित रहे, जिससे कार्यक्रम की गरिमा और भी बढ़ गई।