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संपतचक में भूमिहीनों के अधिकारों के लिए सामूहिक अनशन
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संपतचक प्रखंड में अखिल भारतीय ग्रामीण खेत मजदूर सभा के आह्वान पर सामूहिक अनशन सत्याग्रह आंदोलन किया गया, जिसमें भूमिहीनों और गरीबों के अधिकारों की मांग की गई।
संपतचक, 14 अगस्त 2026। अखिल भारतीय ग्रामीण खेत मजदूर सभा के राज्यव्यापी आह्वान पर शुक्रवार को संपतचक प्रखंड मुख्यालय में 11 बजे से शाम 4 बजे तक सामूहिक अनशन सत्याग्रह आंदोलन किया गया। कार्यक्रम में संगठन के संयोजक कामरेड राम अवतार दास, सरोज दास, सत्यानंद कुमार, रामपरी देवी सहित बड़ी संख्या में मजदूर एवं गरीब परिवारों के लोग शामिल हुए। कार्यक्रम का संचालन सुरेश चंद्र ठाकुर ने किया।
अनशन के दौरान भूमिहीनों और बसे हुए गरीबों को उनके अधिकार की जमीन का पर्चा देने, सभी भूमिहीन परिवारों को कम से कम पांच डिसमिल जमीन उपलब्ध कराने तथा प्रत्येक पंचायत में गरीबों के लिए आवासीय कॉलोनी बनाने की मांग उठाई गई। इंदिरा आवास एवं प्रधानमंत्री आवास योजना की राशि बढ़ाकर पांच लाख रुपये करने और गरीबों के जमीन संबंधी दस्तावेज एवं मालिकाना अधिकार सुरक्षित करने की भी मांग की गई।
संगठन ने गरीब परिवारों के राशन कार्ड सुनिश्चित करने, राशन सूची से नाम काटने का आदेश वापस लेने तथा आवश्यक खाद्यान्न के साथ दाल उपलब्ध कराने की मांग रखी। ग्रामीण मजदूरों को पर्याप्त रोजगार और उचित मजदूरी देने, कुशल मजदूरों के लिए न्यूनतम मजदूरी 700 रुपये प्रतिदिन घोषित करने तथा प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा, रोजगार और सामाजिक सुरक्षा की गारंटी की मांग भी शामिल रही।
स्थानीय समस्याओं का उल्लेख करते हुए संगठन ने बताया कि कई मुसहरी बस्तियों में गरीब परिवारों को वर्षों पहले आवासीय जमीन के पर्चे दिए गए, लेकिन उन्हें आज तक जमीन पर बसाया नहीं गया। खैरताली एवं दरियापुर में 10 अगस्त को गरीब परिवारों को जमीन पर बसाया गया था, लेकिन कथित धमकी के बाद कई परिवार वहां से चले गए। संगठन ने प्रभावित परिवारों को सुरक्षा देने की मांग की। अंचलाधिकारी अनुपम कुमार ने बताया कि संगठन द्वारा ज्ञापन सौंपा गया है और उन्होंने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
अनशन के दौरान भूमिहीनों और बसे हुए गरीबों को उनके अधिकार की जमीन का पर्चा देने, सभी भूमिहीन परिवारों को कम से कम पांच डिसमिल जमीन उपलब्ध कराने तथा प्रत्येक पंचायत में गरीबों के लिए आवासीय कॉलोनी बनाने की मांग उठाई गई। इंदिरा आवास एवं प्रधानमंत्री आवास योजना की राशि बढ़ाकर पांच लाख रुपये करने और गरीबों के जमीन संबंधी दस्तावेज एवं मालिकाना अधिकार सुरक्षित करने की भी मांग की गई।
संगठन ने गरीब परिवारों के राशन कार्ड सुनिश्चित करने, राशन सूची से नाम काटने का आदेश वापस लेने तथा आवश्यक खाद्यान्न के साथ दाल उपलब्ध कराने की मांग रखी। ग्रामीण मजदूरों को पर्याप्त रोजगार और उचित मजदूरी देने, कुशल मजदूरों के लिए न्यूनतम मजदूरी 700 रुपये प्रतिदिन घोषित करने तथा प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा, रोजगार और सामाजिक सुरक्षा की गारंटी की मांग भी शामिल रही।
स्थानीय समस्याओं का उल्लेख करते हुए संगठन ने बताया कि कई मुसहरी बस्तियों में गरीब परिवारों को वर्षों पहले आवासीय जमीन के पर्चे दिए गए, लेकिन उन्हें आज तक जमीन पर बसाया नहीं गया। खैरताली एवं दरियापुर में 10 अगस्त को गरीब परिवारों को जमीन पर बसाया गया था, लेकिन कथित धमकी के बाद कई परिवार वहां से चले गए। संगठन ने प्रभावित परिवारों को सुरक्षा देने की मांग की। अंचलाधिकारी अनुपम कुमार ने बताया कि संगठन द्वारा ज्ञापन सौंपा गया है और उन्होंने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।