📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / U.S. Department of State
विदेश
रुबियो: भारत-अमेरिका के बीच हिंद-प्रशांत पर 'असाधारण समझौता'
✍️ NDTV
🗓 21 अक्टू. 2026, 09:47 AM
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अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने भारत और अमेरिका के बीच मजबूत रणनीतिक एकता पर प्रकाश डाला, जिसमें हिंद-प्रशांत क्षेत्र को स्वतंत्र और खुला रखने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच के संबंधों को मुख्य रणनीतिक मुद्दों पर 'असाधारण समझौता' (extraordinary alignment) बताया है। यह टिप्पणी वर्तमान भू-राजनीतिक परिदृश्य में दोनों देशों के बीच गहरी होती राजनयिक और सुरक्षा संबंधों को रेखांकित करती है।
रूबियो ने विशेष रूप से हिंद-प्रशांत क्षेत्र को साझा रुचि का एक केंद्रीय क्षेत्र बताया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि अंतर्राष्ट्रीय जहाज़ों के मार्गों पर किसी एक देश के हावी होने या स्वामित्व दावा करने को रोकने के लिए समुद्री वातावरण को 'स्वतंत्र और खुला' (free and open) रखना आवश्यक है।
यह बयान नई दिल्ली और वॉशिंगटन के बीच क्षेत्रीय स्थिरता और व्यापार सुरक्षा के संबंध में व्यापक रणनीतिक सहयोग को दर्शाता है। जहाज़ों के आवागमन की स्वतंत्रता और क्षेत्र में किसी भी प्रकार के हावी होने को रोकने पर जोर देकर, अमेरिकी अधिकारी ने दोनों अर्थव्यवस्थाओं के लिए महत्वपूर्ण वैश्विक व्यापार मार्गों की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता व्यक्त की है।
रूबियो ने विशेष रूप से हिंद-प्रशांत क्षेत्र को साझा रुचि का एक केंद्रीय क्षेत्र बताया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि अंतर्राष्ट्रीय जहाज़ों के मार्गों पर किसी एक देश के हावी होने या स्वामित्व दावा करने को रोकने के लिए समुद्री वातावरण को 'स्वतंत्र और खुला' (free and open) रखना आवश्यक है।
यह बयान नई दिल्ली और वॉशिंगटन के बीच क्षेत्रीय स्थिरता और व्यापार सुरक्षा के संबंध में व्यापक रणनीतिक सहयोग को दर्शाता है। जहाज़ों के आवागमन की स्वतंत्रता और क्षेत्र में किसी भी प्रकार के हावी होने को रोकने पर जोर देकर, अमेरिकी अधिकारी ने दोनों अर्थव्यवस्थाओं के लिए महत्वपूर्ण वैश्विक व्यापार मार्गों की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता व्यक्त की है।