📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Christopher Michel
मौसम
राजस्थान में मानसून की कमी: औसत से 16% कम बारिश, पाली सबसे अधिक प्रभावित
✍️ Amar Ujala · Rajasthan
🗓 26 अग. 2026, 03:30 PM
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25 अगस्त तक राजस्थान में औसत से 16.13 % कम बारिश हुई, 41 जिलों में से 18 में कमी दर्ज की गई। पाली जिला सबसे अधिक प्रभावित रहा।
राजस्थान में इस वर्ष की मानसून अवधि औसत से लगभग 16% कम रही, जैसा कि 25 अगस्त को जारी किए गए आंकड़ों से स्पष्ट है। इस अवधि में अपेक्षित वर्षा के केवल 84% ही प्राप्त हुई, जिससे जलस्रोतों पर दबाव बढ़ रहा है।
राज्य के 41 जिलों में से 18 में वर्षा औसत से कम रही, जिससे कृषि और जल उपलब्धता दोनों पर असर पड़ सकता है। प्रत्येक जिले में कमी का स्तर अलग‑अलग है, पर समग्र रूप से सूखा प्रवृत्ति स्पष्ट है।
पाली जिला सबसे अधिक प्रभावित रहा, जहाँ वर्षा का अंतर सबसे बड़ा दर्ज किया गया। स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि पाली की वर्षा न केवल राज्य बल्कि राष्ट्रीय औसत से भी काफी कम रही, जिससे फसल बोआई और भूजल पुनर्भरण को लेकर चिंताएँ बढ़ी हैं।
राज्य सरकार स्थिति को कड़ी नजर से देख रही है और किसानों को जल‑संरक्षण उपाय अपनाने तथा वैकल्पिक सिंचाई विकल्पों की तलाश करने की सलाह दे रही है। इस वर्ष की कमी आगामी कृषि सत्र में जल‑प्रबंधन की प्रभावशीलता पर प्रश्न उठाती है।
राज्य के 41 जिलों में से 18 में वर्षा औसत से कम रही, जिससे कृषि और जल उपलब्धता दोनों पर असर पड़ सकता है। प्रत्येक जिले में कमी का स्तर अलग‑अलग है, पर समग्र रूप से सूखा प्रवृत्ति स्पष्ट है।
पाली जिला सबसे अधिक प्रभावित रहा, जहाँ वर्षा का अंतर सबसे बड़ा दर्ज किया गया। स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि पाली की वर्षा न केवल राज्य बल्कि राष्ट्रीय औसत से भी काफी कम रही, जिससे फसल बोआई और भूजल पुनर्भरण को लेकर चिंताएँ बढ़ी हैं।
राज्य सरकार स्थिति को कड़ी नजर से देख रही है और किसानों को जल‑संरक्षण उपाय अपनाने तथा वैकल्पिक सिंचाई विकल्पों की तलाश करने की सलाह दे रही है। इस वर्ष की कमी आगामी कृषि सत्र में जल‑प्रबंधन की प्रभावशीलता पर प्रश्न उठाती है।