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देश
राजस्थान हाई कोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश ने पदोन्नति को रोकने के अभियान का आरोप लगाया
✍️ The Times of India
🗓 03 सित. 2026, 09:34 AM
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राजस्थान हाई कोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि एक समन्वित अभियान उनके पदोन्नति को रोकने के लिए समयबद्ध किया गया था, यह बात टाइम्स ऑफ इंडिया ने रिपोर्ट की।
राजस्थान हाई कोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि उनके वरिष्ठ न्यायिक पद पर पदोन्नति को रोकने के लिए एक समन्वित अभियान चलाया गया था। यह आरोप उन्होंने हालिया सुनवाई के दौरान लगाया, यह बताते हुए कि अभियान का समय उनके करियर को बाधित करने के इरादे से तय किया गया था।
रिपोर्ट के अनुसार, न्यायाधीश ने इस बात पर प्रकाश डाला कि इस प्रकार का प्रयास उनके पदोन्नति निर्णय को प्रभावित करने के उद्देश्य से किया गया था। उन्होंने इस अभियान के पीछे के व्यक्तियों या संस्थाओं के नाम नहीं बताए, पर न्यायपालिका की स्वतंत्रता पर ऐसे कदमों के संभावित प्रभाव को रेखांकित किया।
टाइम्स ऑफ इंडिया ने इस बयान को प्रकाशित किया, जिससे न्यायिक नियुक्तियों में पारदर्शिता और निष्पक्षता पर चर्चा तेज़ हुई है। अब तक संबंधित प्राधिकरणों से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिली है।
यह मामला भारत में न्यायिक पदोन्नतियों की संवेदनशीलता को उजागर करता है, जहाँ पक्षपात या बाहरी दबाव की धारणाएँ सार्वजनिक भरोसे को प्रभावित कर सकती हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, न्यायाधीश ने इस बात पर प्रकाश डाला कि इस प्रकार का प्रयास उनके पदोन्नति निर्णय को प्रभावित करने के उद्देश्य से किया गया था। उन्होंने इस अभियान के पीछे के व्यक्तियों या संस्थाओं के नाम नहीं बताए, पर न्यायपालिका की स्वतंत्रता पर ऐसे कदमों के संभावित प्रभाव को रेखांकित किया।
टाइम्स ऑफ इंडिया ने इस बयान को प्रकाशित किया, जिससे न्यायिक नियुक्तियों में पारदर्शिता और निष्पक्षता पर चर्चा तेज़ हुई है। अब तक संबंधित प्राधिकरणों से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिली है।
यह मामला भारत में न्यायिक पदोन्नतियों की संवेदनशीलता को उजागर करता है, जहाँ पक्षपात या बाहरी दबाव की धारणाएँ सार्वजनिक भरोसे को प्रभावित कर सकती हैं।