📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Abhi009kk
राजनीति
सिक्किम में राज्यपाल की नियुक्ति के खिलाफ प्रदर्शन, राहुल गांधी ने राष्ट्रपति से हस्तक्षेप की मांग की
✍️ India Today NE
🗓 16 अक्टू. 2026, 02:12 AM
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सिक्किम में राज्यपाल की हालिया नियुक्ति के विरुद्ध प्रदर्शन शुरू हो गए हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने राष्ट्रपति से मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की है।
सिक्किम के विभिन्न हिस्सों में प्रदर्शनकारी नए राज्यपाल की नियुक्ति के खिलाफ सड़कों पर उतर आए हैं। इन प्रदर्शनों में नागरिक समाज के सदस्य, छात्र समूह और विपक्षी दल शामिल हैं, जो नियुक्त व्यक्ति की उपयुक्तता और चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठा रहे हैं।
नागरिक समाज के कार्यकर्ताओं का आरोप है कि राज्यपाल के पृष्ठभूमि और पूर्व संबंधों से निष्पक्षता पर संदेह पैदा होता है, और वे निर्णय की पुनर्विचार की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शन अब तक शांतिपूर्ण रहे हैं, जिसमें uczestक पोस्टर लेकर चल रहे हैं और नियुक्ति के खिलाफ नारे लगा रहे हैं।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भारत के राष्ट्रपति को पत्र लिखकर संवैधानिक हस्तक्षेप की अपील की है, ताकि प्रदर्शनकारियों द्वारा उठाई गई शिकायतों का समाधान हो सके। उन्होंने राष्ट्रपति से मामले की जांच करने और यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया है कि नियुक्ति लोकतांत्रिक मानदंडों के अनुरूप हो।
राज्य के अधिकारी स्थिति पर करीब से नजर रखे हुए हैं, जबकि अभी तक राष्ट्रपति कार्यालय की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। इस घटनाक्रम ने देश भर के राजनीतिक पर्यवेक्षकों का ध्यान आकर्षित किया है।
नागरिक समाज के कार्यकर्ताओं का आरोप है कि राज्यपाल के पृष्ठभूमि और पूर्व संबंधों से निष्पक्षता पर संदेह पैदा होता है, और वे निर्णय की पुनर्विचार की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शन अब तक शांतिपूर्ण रहे हैं, जिसमें uczestक पोस्टर लेकर चल रहे हैं और नियुक्ति के खिलाफ नारे लगा रहे हैं।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भारत के राष्ट्रपति को पत्र लिखकर संवैधानिक हस्तक्षेप की अपील की है, ताकि प्रदर्शनकारियों द्वारा उठाई गई शिकायतों का समाधान हो सके। उन्होंने राष्ट्रपति से मामले की जांच करने और यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया है कि नियुक्ति लोकतांत्रिक मानदंडों के अनुरूप हो।
राज्य के अधिकारी स्थिति पर करीब से नजर रखे हुए हैं, जबकि अभी तक राष्ट्रपति कार्यालय की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। इस घटनाक्रम ने देश भर के राजनीतिक पर्यवेक्षकों का ध्यान आकर्षित किया है।