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मनोरंजन
परुमल मुरुगन ने परियार अरिवुलगम पर साहित्यिक धोखाधड़ी का आरोप लगाया
✍️ The Hindu
🗓 06 नव. 2026, 06:33 PM
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तमिल लेखक परुमल मुरुगन ने परियार अरिवुलगम साहित्यिक संस्था पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया, जिसमें उन्होंने झूठे मुख्यमंत्री और कवि नालादियार के दावे का हवाला दिया।
तमिल लेखक परुमल मुरुगन ने सार्वजनिक रूप से परियार अरिवुलगम, एक प्रमुख साहित्यिक संस्था, पर साहित्यिक धोखाधड़ी का आरोप लगाया है। अपनी हालिया बयानी में मुरुगन ने बताया कि इस संस्था ने झूठी कथाएँ बनाई हैं, जैसे कि एक नकली मुख्यमंत्री का निर्माण और ऐतिहासिक कवि नालादियार को समकालीन कवि के रूप में गलत तरीके से प्रस्तुत करना। लेखक के इस दावे से तमिल साहित्यिक मंडली में प्रामाणिकता और विश्वसनीयता के व्यापक मुद्दे पर प्रकाश डाला गया है। जबकि संस्था ने अभी तक जवाब नहीं दिया है, इस विवाद ने पाठकों और विद्वानों के बीच साहित्यिक पुरस्कारों और मान्यताओं की अखंडता पर बहस को जन्म दिया है। मुरुगन की खुली स्थिति भारतीय साहित्यिक परिदृश्य में सांस्कृतिक संस्थानों की बढ़ती जांच को दर्शाती है।