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पर्चे पर ऐसी लिखावट कि दवा का नाम पढ़ना भी बना चुनौती
स्वास्थ्य

पर्चे पर ऐसी लिखावट कि दवा का नाम पढ़ना भी बना चुनौती

✍️ रिपोर्टर: ashif 🗓 01 सित. 2026, 11:50 AM 👁 64
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ब्रेकिंग न्यूज़ | अमेठी | गौरीगंज
पर्चे पर ऐसी लिखावट कि दवा का नाम पढ़ना भी बना चुनौती! मरीजों को बाहर से दवा लेने में परेशानी?
गौरीगंज। सोशल मीडिया पर सामने आए एक मेडिकल पर्चे को लेकर सवाल उठ रहे हैं। पर्चे पर लिखी दवाओं के नाम इतने अस्पष्ट नजर आ रहे हैं कि आम मरीज या उसके परिजन उन्हें आसानी से पढ़ नहीं पा रहे हैं। आखिर पर्चे पर दवा का नाम साफ-साफ क्यों नहीं लिखा जाता? क्या मरीज को दवा की जानकारी आसानी से मिलनी चाहिए या नहीं?स्थानीय स्तर पर यह भी चर्चा है कि कुछ मरीजों को डॉक्टर द्वारा लिखी गई दवाएं उसी परिसर/काउंटर से लेने के लिए मजबूर होना पड़ता है। वहीं, जेनेरिक और ब्रांडेड दवाओं की कीमतों तथा मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही दवाओं की MRP को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। यदि किसी मरीज को ऐसा अनुभव हुआ है तो वह पर्चे, दवा के बिल और संबंधित दवा की जानकारी के साथ अपनी शिकायत सामने रख सकता है। सवाल यह है—क्या मरीज को डॉक्टर की लिखी दवा का नाम स्पष्ट रूप से पढ़ने और अपनी सुविधा के अनुसार दवा खरीदने का अधिकार नहीं होना चाहिए?
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