📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Gyanendra_Singh_Chau…
अपराध
यूनियन कार्बाइड कचरा मामले में नई रिपोर्ट हाईकोर्ट में पेश, अगली सुनवाई 27 नवंबर
✍️ Amar Ujala · Madhya Pradesh
🗓 17 अक्टू. 2026, 05:45 PM
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मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने यूनियन कार्बाइड के जहरीले कचरे को जलाने के बाद बची राख में पारे की मौजूदगी की नई रिपोर्ट हाईकोर्ट में पेश की है। अगली सुनवाई 27 नवंबर को तय हुई है।
मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एमपीसीबी) ने यूनियन कार्बाइड के जहरीले कचरे के निपटान मामले में नई तकनीकी रिपोर्ट राज्य हाईकोर्ट में पेश की है। इस दस्तावेज़ में कचरा जलाने के बाद बची राख में पारे की मौजूदगी का प्रयोगशाला विश्लेषण दर्शाया गया है।
रिपोर्ट के अनुसार, पारे की उपस्थिति से यह संकेत मिलता है कि कचरा जलाने की प्रक्रिया को अम्लीय घटकों को न्यूट्रलाइज़ करने के लिये बदला गया हो सकता है, जिससे पर्यावरणीय अनुपालन की जाँच में नया पहलू जुड़ता है। एमपीसीबी ने सटीक मात्रा का उल्लेख नहीं किया, पर यह तथ्य अदालत की समीक्षा में महत्वपूर्ण माना गया है।
जबलपुर में चल रहे इस मामले की अगली सुनवाई 27 नवंबर को तय की गई है। न्यायालय इस नई साक्ष्य की समीक्षा करेगा और यह तय करेगा कि आगे कोई अतिरिक्त जांच या सुधारात्मक कदम आवश्यक हैं या नहीं।
1984 के भोपाल आपदा से उत्पन्न यह यूनियन कार्बाइड मामला अब भी कानूनी और पर्यावरणीय बहस का विषय बना हुआ है, और नई रिपोर्ट बचे हुए विषाक्त पदार्थों के प्रबंधन पर चल रही चिंताओं को उजागर करती है।
रिपोर्ट के अनुसार, पारे की उपस्थिति से यह संकेत मिलता है कि कचरा जलाने की प्रक्रिया को अम्लीय घटकों को न्यूट्रलाइज़ करने के लिये बदला गया हो सकता है, जिससे पर्यावरणीय अनुपालन की जाँच में नया पहलू जुड़ता है। एमपीसीबी ने सटीक मात्रा का उल्लेख नहीं किया, पर यह तथ्य अदालत की समीक्षा में महत्वपूर्ण माना गया है।
जबलपुर में चल रहे इस मामले की अगली सुनवाई 27 नवंबर को तय की गई है। न्यायालय इस नई साक्ष्य की समीक्षा करेगा और यह तय करेगा कि आगे कोई अतिरिक्त जांच या सुधारात्मक कदम आवश्यक हैं या नहीं।
1984 के भोपाल आपदा से उत्पन्न यह यूनियन कार्बाइड मामला अब भी कानूनी और पर्यावरणीय बहस का विषय बना हुआ है, और नई रिपोर्ट बचे हुए विषाक्त पदार्थों के प्रबंधन पर चल रही चिंताओं को उजागर करती है।