📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Original: Samudra Bikash Hazarika
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कृषि
NEC सचिव ने नागालैंड की कॉफ़ी के लिए बुनियादी ढाँचा और मूल्यवर्धन की आवश्यकता जताई
✍️ India Today NE
🗓 03 अक्टू. 2026, 04:02 AM
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नॉर्थ ईस्टर्न काउंसिल के सचिव ने कहा कि बुनियादी ढाँचे की कमी और मूल्यवर्धन की अनुपस्थिति नागालैंड की कॉफ़ी को व्यावसायिक रूप से सफल बनाते हुए बाधा बन रही है।
नॉर्थ ईस्टर्न काउंसिल (NEC) के सचिव ने कहा कि नागालैंड में कॉफ़ी की खेती संभावनाओं से भरपूर है, परन्तु प्रोसेसिंग यूनिट, भंडारण सुविधाएँ और सुगम परिवहन जैसी बुनियादी ढाँचे की कमी से इसे नुकसान पहुँच रहा है।
उन्होंने बताया कि उचित मूल्यवर्धन—जैसे रोस्टिंग, ग्रेडिंग और ब्रांडिंग—के बिना बीजों को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में कम कीमत मिलती है, जिससे किसानों की आय घटती है और निवेशकों को आकर्षित करना कठिन हो जाता है।
सचिव ने राज्य सरकार और केंद्र के एजेंसियों से अनुरोध किया कि वे कॉफ़ी प्रोसेसिंग पार्कों की स्थापना, फार्मों तक सड़क नेटवर्क सुधार और किसानों को गुणवत्ता‑उन्नत तकनीकों के प्रशिक्षण पर ध्यान दें।
इन कदमों के लागू होने पर उन्होंने कहा कि नागालैंड एक प्रमुख कॉफ़ी उत्पादन क्षेत्र बन सकता है और उत्तर‑पूर्व की कृषि निर्यात में विविधता लाने में योगदान दे सकता है।
उन्होंने बताया कि उचित मूल्यवर्धन—जैसे रोस्टिंग, ग्रेडिंग और ब्रांडिंग—के बिना बीजों को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में कम कीमत मिलती है, जिससे किसानों की आय घटती है और निवेशकों को आकर्षित करना कठिन हो जाता है।
सचिव ने राज्य सरकार और केंद्र के एजेंसियों से अनुरोध किया कि वे कॉफ़ी प्रोसेसिंग पार्कों की स्थापना, फार्मों तक सड़क नेटवर्क सुधार और किसानों को गुणवत्ता‑उन्नत तकनीकों के प्रशिक्षण पर ध्यान दें।
इन कदमों के लागू होने पर उन्होंने कहा कि नागालैंड एक प्रमुख कॉफ़ी उत्पादन क्षेत्र बन सकता है और उत्तर‑पूर्व की कृषि निर्यात में विविधता लाने में योगदान दे सकता है।