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28 सित. 2026•
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बीआरआईसीएस शिखर सम्मेलन में मोदी ने ग्लोबल साउथ को ‘रूल शेपर’ बनने का आह्वान किया
📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Palácio do Planalto
विदेश

बीआरआईसीएस शिखर सम्मेलन में मोदी ने ग्लोबल साउथ को ‘रूल शेपर’ बनने का आह्वान किया

✍️ themeghalayanexpress.com 🗓 13 सित. 2026, 09:46 PM 👁 37
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भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीआरआईसीएस शिखर सम्मेलन में कहा कि वैश्विक दक्षिण को अंतरराष्ट्रीय नियमों का केवल पालन करने वाले से नियम बनाने वाले बनना चाहिए।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीआरआईसीएस शिखर सम्मेलन में यह बात दोहराई कि वैश्विक दक्षिण को केवल मौजूदा अंतरराष्ट्रीय नियमों को अपनाने वाले नहीं, बल्कि उन्हें बनाने वाले बनना चाहिए। उन्होंने विकासशील देशों की बढ़ती आर्थिक और जनसंख्या शक्ति को उजागर करते हुए कहा कि उनके हितों को अंतरराष्ट्रीय संस्थानों की संरचना में प्रतिबिंबित किया जाना चाहिए।

मोदी ने व्यापार, जलवायु परिवर्तन और प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में अधिक प्रतिनिधित्व और निर्णय‑निर्धारण की मांग को रेखांकित किया। उन्होंने बीआरआईसीएस को इस दिशा में सुधारों को आगे बढ़ाने का आह्वान किया, जिससे वैश्विक शासन अधिक समावेशी और न्यायसंगत बन सके।

यह बयान तब आया जब शिखर सम्मेलन में पाँच सदस्य देशों के बीच सहयोग और बहुपक्षीय ढाँचों को पुनः आकार देने पर चर्चा चल रही थी। विश्लेषकों का मानना है कि मोदी का यह संदेश भारत की वैश्विक दक्षिण के नेता के रूप में अपनी स्थिति को सुदृढ़ करने की रणनीति को दर्शाता है।

हालाँकि कोई विशिष्ट नीति प्रस्ताव नहीं दिया गया, लेकिन नियम‑निर्माण एजेंडा पर मोदी का जोर भविष्य में संयुक्त राष्ट्र और विश्व व्यापार संगठन जैसे मंचों पर सुधारों को प्रभावित करने की भारत की मंशा को स्पष्ट करता है।
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