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28 Sep 2026•
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मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और उनके मेधावी परिवार की राष्ट्रसेवा में अहम भूमिका

✍️ Reporter: शैलेष गुप्ता महाजन 🗓 25 Sep 2026, 10:34 PM 👁 20
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मुख्य चुनाव आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार गुप्ता के परिवार की चर्चा सोशल मीडिया पर है, जो अपनी शिक्षा, प्रतिभा और राष्ट्रसेवा के लिए जाना जाता है। परिवार के सदस्य विभिन्न उच्च प्रशासनिक पदों पर कार्यरत हैं।

नई दिल्ली: मुख्य चुनाव आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार गुप्ता का परिवार इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। यह चर्चा किसी आरोप को लेकर नहीं, बल्कि परिवार की शिक्षा, प्रतिभा, मेहनत और राष्ट्रसेवा के प्रति समर्पण को लेकर है। श्री ज्ञानेश कुमार गुप्ता, 1988 बैच के एक प्रतिष्ठित IAS अधिकारी हैं, जिन्होंने IIT कानपुर से सिविल इंजीनियरिंग में बी.टेक और हार्वर्ड यूनिवर्सिटी से अर्थशास्त्र में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त की है। वे 19 फरवरी 2025 को भारत के 26वें मुख्य चुनाव आयुक्त के रूप में पदभार ग्रहण कर चुके हैं।

श्री गुप्ता के परिवार में भी प्रशासनिक और सार्वजनिक सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हैं। उनकी पुत्री, मेधा रूपम जी, 2014 बैच की IAS अधिकारी हैं और वर्तमान में नोएडा की जिलाधिकारी के पद पर कार्यरत हैं। मेधा रूपम जी के पति, मनीष बंसल जी, भी 2014 बैच के IAS अधिकारी हैं और उन्होंने 2013 की सिविल सेवा परीक्षा में 53वीं रैंक हासिल की थी। इसके अतिरिक्त, परिवार के अन्य सदस्यों में IRS अधिकारी अभिश्री जी, IPS और IAS अधिकारी शामिल हैं। प्रकाशित रिपोर्टों में परिवार के बड़ी संख्या में चिकित्सकों का भी उल्लेख है।

यह बात महत्वपूर्ण है कि UPSC जैसी कठिन परीक्षा में चयन और उच्च रैंक प्राप्त करना वर्षों की अथक मेहनत, गहन तैयारी और असाधारण प्रतिभा का परिणाम होता है, न कि कोई उपहार। वैश्य समाज के लिए यह अत्यंत गर्व का विषय है कि समाज से निकलकर प्रतिभाएं देश की सर्वोच्च संवैधानिक, प्रशासनिक, पुलिस और राजस्व सेवाओं में अपनी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभा रही हैं।

किसी भी व्यक्ति या परिवार की उपलब्धियों को आरोपों के बजाय उनके कार्य, योग्यता और राष्ट्रसेवा के आधार पर देखा जाना चाहिए। शिक्षा, प्रतिभा और राष्ट्रसेवा ही किसी समाज और राष्ट्र की असली शक्ति और गौरव होते हैं। वैश्य समाज ऐसे प्रतिभाशाली परिवारों पर गर्व करता है जो देश की सेवा में अपना अमूल्य योगदान दे रहे हैं।
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