Sarkari Yojana
खपरैल की टपकती छत से पक्के आशियाने तक, प्रधानमंत्री आवास योजना ने आरती बाई का सपना किया साकार
Watch on:
▶️ YouTube
पाली विकासखंड के ग्राम फुलवारी पारा की आरती बाई के लिए बारिश का मौसम कभी चिंता लेकर आता था। खपरैल की छत से टपकता पानी और मिट्टी के फर्श पर जमा होती नमी परिवार के लिए बड़ी परेशानी थी। पति बस में हेल्पर का काम करते हैं और सीमित आमदनी में परिवार चलाने के साथ बच्चों की पढ़ाई की जिम्मेदारी भी है।
ऐसे में प्रधानमंत्री आवास योजना उनके लिए उम्मीद की किरण बनी। योजना में नाम आने और पहली किस्त की राशि खाते में पहुंचने के बाद आरती बाई के पक्के घर का सपना आकार लेने लगा।
आरती बाई बताती हैं कि उनकी बेटी 12वीं और बेटा 11वीं कक्षा में पढ़ रहा है। वह कहती हैं, “हमारी इतनी हैसियत नहीं थी कि अपने दम पर पक्का मकान बना सकें। प्रधानमंत्री आवास योजना से अब हमारा सपना पूरा होता दिखाई दे रहा है।”
पक्के मकान की नींव के साथ आरती बाई के परिवार को बारिश की परेशानियों से राहत और सुरक्षित भविष्य की उम्मीद मिली है। उनके लिए यह सिर्फ घर का निर्माण नहीं, बल्कि सम्मान, सुरक्षा और बेहतर जीवन की नई शुरुआत है।
ऐसे में प्रधानमंत्री आवास योजना उनके लिए उम्मीद की किरण बनी। योजना में नाम आने और पहली किस्त की राशि खाते में पहुंचने के बाद आरती बाई के पक्के घर का सपना आकार लेने लगा।
आरती बाई बताती हैं कि उनकी बेटी 12वीं और बेटा 11वीं कक्षा में पढ़ रहा है। वह कहती हैं, “हमारी इतनी हैसियत नहीं थी कि अपने दम पर पक्का मकान बना सकें। प्रधानमंत्री आवास योजना से अब हमारा सपना पूरा होता दिखाई दे रहा है।”
पक्के मकान की नींव के साथ आरती बाई के परिवार को बारिश की परेशानियों से राहत और सुरक्षित भविष्य की उम्मीद मिली है। उनके लिए यह सिर्फ घर का निर्माण नहीं, बल्कि सम्मान, सुरक्षा और बेहतर जीवन की नई शुरुआत है।