📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Prof tpms
बिज़नेस
कर्नाटक ने एनआरआई निवेश आकर्षित करने के लिए विदेश विभाग की योजना बनाई
✍️ The Times of India
🗓 04 सित. 2026, 09:03 AM
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कर्नाटक सरकार ने एनआरआई निवेश को आकर्षित करने हेतु विदेश विभाग स्थापित करने की योजना का एलान किया।
कर्नाटक ने भारतीय प्रवासी समुदाय से जुड़ने के लिए एक विदेश विभाग स्थापित करने की नई पहल की घोषणा की है। यह कदम गैर‑निवासी भारतीय (एनआरआई) निवेशकों को राज्य की तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था में निवेश करने के लिए एक समर्पित मंच प्रदान करने के उद्देश्य से किया गया है।
अधिकारियों के अनुसार, यह विभाग एकल‑विंडो इंटरफ़ेस के रूप में कार्य करेगा, जिससे एनआरआई निवेशकों को प्रक्रियाओं में सरलता और विभिन्न क्षेत्रों—जैसे विनिर्माण, सेवा और प्रौद्योगिकी—में परियोजनाओं के लिए विशेष सहायता मिलेगी। ब्यूरोकरेटिक बाधाओं को कम करके विदेशी पूंजी के प्रवाह को बढ़ाने की उम्मीद है।
राज्य सरकार ने बताया कि यह विदेश विभाग मौजूदा निवेश प्रोत्साहन एजेंसियों के साथ समन्वय करेगा और अंतरराष्ट्रीय वित्त एवं प्रवासी संबंधों में अनुभवी कर्मियों को नियुक्त करेगा। यह पहल कर्नाटक को वैश्विक भारतीय निवेशकों के लिए आकर्षक गंतव्य बनाने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है।
विस्तृत कार्यान्वयन समय‑सारिणी अभी घोषित नहीं की गई है, पर सरकार का लक्ष्य अगले कुछ महीनों में विभाग को चालू करना और आउटरीच प्रयासों को वास्तविक निवेश प्रतिबद्धताओं में बदलना है।
अधिकारियों के अनुसार, यह विभाग एकल‑विंडो इंटरफ़ेस के रूप में कार्य करेगा, जिससे एनआरआई निवेशकों को प्रक्रियाओं में सरलता और विभिन्न क्षेत्रों—जैसे विनिर्माण, सेवा और प्रौद्योगिकी—में परियोजनाओं के लिए विशेष सहायता मिलेगी। ब्यूरोकरेटिक बाधाओं को कम करके विदेशी पूंजी के प्रवाह को बढ़ाने की उम्मीद है।
राज्य सरकार ने बताया कि यह विदेश विभाग मौजूदा निवेश प्रोत्साहन एजेंसियों के साथ समन्वय करेगा और अंतरराष्ट्रीय वित्त एवं प्रवासी संबंधों में अनुभवी कर्मियों को नियुक्त करेगा। यह पहल कर्नाटक को वैश्विक भारतीय निवेशकों के लिए आकर्षक गंतव्य बनाने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है।
विस्तृत कार्यान्वयन समय‑सारिणी अभी घोषित नहीं की गई है, पर सरकार का लक्ष्य अगले कुछ महीनों में विभाग को चालू करना और आउटरीच प्रयासों को वास्तविक निवेश प्रतिबद्धताओं में बदलना है।