📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Prime Minister's Office, Government of India
राजनीति
आईएएस पवन कुमार जैन को भिंड का कलेक्टर बनाया गया, विवादों के बीच
✍️ Amar Ujala · Bhopal
🗓 16 अक्टू. 2026, 08:15 AM
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आईएएस अधिकारी पवन कुमार जैन को मध्यप्रदेश के भिंड जिले के कलेक्टर नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति इंदौर में दिव्यांग युवक से कथित दुर्व्यवहार और बैतूल में भूमि हस्तांतरण विवादों के बाद हुई है।
मध्यप्रदेश सरकार ने आईएएस अधिकारी पवन कुमार जैन को भिंड जिले के कलेक्टर के पद पर नियुक्त किया है, जो आज से प्रभावी है। यह निर्णय स्थानीय शासन को मजबूत करने के उद्देश्य से व्यापक प्रशासनिक फेरबदल का हिस्सा है।
जैन, जिन्होंने राज्य में विभिन्न पदों पर कार्य किया है, भिंड में विकास परियोजनाओं, राजस्व संग्रह और सार्वजनिक कल्याण योजनाओं की निगरानी करेंगे। उनकी नियुक्ति इंदौर में दिव्यांग युवक से कथित दुर्व्यवहार और बैतूल में भूमि हस्तांतरण विवादों के बाद हुई है।
अधिकारी बताते हैं कि इन विवादों की जांच की गई और उनके खिलाफ कोई औपचारिक आरोप नहीं लगाया गया। राज्य प्रशासन ने उनकी अनुभव और सेवा रिकॉर्ड को देखते हुए इस नए पद के लिए उपयुक्त माना।
भिंड के स्थानीय नेताओं ने इस नियुक्ति का स्वागत किया है, आशा जताई है कि जैन का प्रशासनिक अनुभव जिले की प्रगति को तेज करेगा। साथ ही, नागरिक समाज समूहों ने सरकार से आग्रह किया है कि वे पिछले आरोपों के निपटान में पारदर्शिता बनाए रखें।
यह नियुक्ति भिंड के प्रशासनिक नेतृत्व में एक महत्वपूर्ण बदलाव को दर्शाती है, जिसमें नए कलेक्टर से सार्वजनिक सेवाओं में सुधार और दीर्घकालिक विकास चुनौतियों का सामना करने की उम्मीद है।
जैन, जिन्होंने राज्य में विभिन्न पदों पर कार्य किया है, भिंड में विकास परियोजनाओं, राजस्व संग्रह और सार्वजनिक कल्याण योजनाओं की निगरानी करेंगे। उनकी नियुक्ति इंदौर में दिव्यांग युवक से कथित दुर्व्यवहार और बैतूल में भूमि हस्तांतरण विवादों के बाद हुई है।
अधिकारी बताते हैं कि इन विवादों की जांच की गई और उनके खिलाफ कोई औपचारिक आरोप नहीं लगाया गया। राज्य प्रशासन ने उनकी अनुभव और सेवा रिकॉर्ड को देखते हुए इस नए पद के लिए उपयुक्त माना।
भिंड के स्थानीय नेताओं ने इस नियुक्ति का स्वागत किया है, आशा जताई है कि जैन का प्रशासनिक अनुभव जिले की प्रगति को तेज करेगा। साथ ही, नागरिक समाज समूहों ने सरकार से आग्रह किया है कि वे पिछले आरोपों के निपटान में पारदर्शिता बनाए रखें।
यह नियुक्ति भिंड के प्रशासनिक नेतृत्व में एक महत्वपूर्ण बदलाव को दर्शाती है, जिसमें नए कलेक्टर से सार्वजनिक सेवाओं में सुधार और दीर्घकालिक विकास चुनौतियों का सामना करने की उम्मीद है।