📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ankur P from Pune, India
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ग्यालशिंग प्रशासन ने सिखिम के रिम्बी में दो बार दौरा किया
✍️ Northeast Today
🗓 26 सित. 2026, 07:32 PM
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ग्यालशिंग जिला प्रशासन ने सिखिम के पश्चिमी भाग में स्थित रिम्बी गांव में दो लगातार दिन दौरा किया, जहाँ भूस्खलन से हुए नुकसान का आकलन और राहत कार्यों का समन्वय किया गया।
ग्यालशिंग जिले के प्रशासन ने गुरुवार को रिम्बी में दो लगातार दिन दौरा किया, जो भूस्खलन के बाद से प्रभावित दूरस्थ गांव है। अधिकारियों ने सुबह ही पहुंच कर नुकसान की सीमा का आकलन किया, प्रभावित परिवारों से मुलाकात की और बचाव‑राहत कार्यों की प्रगति की समीक्षा की।
प्राथमिक निरीक्षण से पता चला कि कई घर आंशिक या पूर्ण रूप से ध्वस्त हो गए हैं और कई परिवार अस्थायी शरणस्थलों में रह रहे हैं, जहाँ राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने राहत शिविर स्थापित किए हैं। प्रशासन ने अवरुद्ध सड़कों को साफ़ करके बुनियादी पहुँच पुनर्स्थापित करने की भी कोशिश की।
दौरे के दौरान, जिले के अधिकारियों ने स्थानीय पंचायत नेताओं और स्वयंसेवकों के साथ मिलकर खाद्य सामग्री, साफ़ पानी और आपातकालीन दवाइयों का वितरण प्राथमिकता बनाते हुए समन्वय किया। उन्होंने कहा कि सुरक्षा मूल्यांकन पूरा होते ही पुनर्निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।
बार‑बार की गई यात्राएं प्रशासन की त्वरित प्रतिक्रिया और स्थिति की पारदर्शी निगरानी के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं, जिसका उद्देश्य मानसून के चलते रिम्बी के निवासियों को आगे की कठिनाइयों से बचाना है।
प्राथमिक निरीक्षण से पता चला कि कई घर आंशिक या पूर्ण रूप से ध्वस्त हो गए हैं और कई परिवार अस्थायी शरणस्थलों में रह रहे हैं, जहाँ राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने राहत शिविर स्थापित किए हैं। प्रशासन ने अवरुद्ध सड़कों को साफ़ करके बुनियादी पहुँच पुनर्स्थापित करने की भी कोशिश की।
दौरे के दौरान, जिले के अधिकारियों ने स्थानीय पंचायत नेताओं और स्वयंसेवकों के साथ मिलकर खाद्य सामग्री, साफ़ पानी और आपातकालीन दवाइयों का वितरण प्राथमिकता बनाते हुए समन्वय किया। उन्होंने कहा कि सुरक्षा मूल्यांकन पूरा होते ही पुनर्निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।
बार‑बार की गई यात्राएं प्रशासन की त्वरित प्रतिक्रिया और स्थिति की पारदर्शी निगरानी के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं, जिसका उद्देश्य मानसून के चलते रिम्बी के निवासियों को आगे की कठिनाइयों से बचाना है।