📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Warrior.bits (talk) (Uploads)
मौसम
नेपाल‑बैराज से जल छोड़ने के बाद गंडक में उछाल, गोपालगंज के गांवों में बाढ़
✍️ Amar Ujala · Bihar
🗓 28 सित. 2026, 02:36 PM
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नेपाल और वाल्मीकि नगर बैराज से जल छोड़े जाने के बाद गंडक नदी का जलस्तर तेज़ी से बढ़ा, जिससे गोपालगंज के सदर, कुचायकोट, मांझा और बरौली प्रखंड के तीन दर्जन से अधिक गांव बाढ़ में डूब गए।
नेपाल और वाल्मीकि नगर बैराज से बड़ी मात्रा में जल छोड़े जाने के बाद बिहार में गंडक नदी का जलस्तर तेज़ी से बढ़ा। इस अचानक उछाल ने नदी के स्तर को सामान्य से काफी ऊपर ले गया।
सदर, कुचायकोट, मांझा और बरौली प्रखंड के तीन दर्जन से अधिक गांवों में पानी घुस गया है। इन गांवों में घरों, खेतों और सड़कों में जल भराव की शिकायतें मिल रही हैं, जिससे दैनिक जीवन बाधित हो गया है।
स्थानीय अधिकारियों ने सतर्कता जारी की है और स्थिति की करीबी निगरानी कर रहे हैं, साथ ही कम ऊँचाई वाले क्षेत्रों के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी है। प्रभावित परिवारों की मदद के लिए राहत दलों को तैनात किया जा रहा है।
प्रारंभिक आकलन के अनुसार, यदि आगे जल निकासी या भारी बारिश नहीं हुई तो जलस्तर कई दिनों तक उच्च बना रह सकता है, इसलिए अधिकारियों ने गंडक की धारा पर निरंतर नजर रखने का निर्देश दिया है।
सदर, कुचायकोट, मांझा और बरौली प्रखंड के तीन दर्जन से अधिक गांवों में पानी घुस गया है। इन गांवों में घरों, खेतों और सड़कों में जल भराव की शिकायतें मिल रही हैं, जिससे दैनिक जीवन बाधित हो गया है।
स्थानीय अधिकारियों ने सतर्कता जारी की है और स्थिति की करीबी निगरानी कर रहे हैं, साथ ही कम ऊँचाई वाले क्षेत्रों के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी है। प्रभावित परिवारों की मदद के लिए राहत दलों को तैनात किया जा रहा है।
प्रारंभिक आकलन के अनुसार, यदि आगे जल निकासी या भारी बारिश नहीं हुई तो जलस्तर कई दिनों तक उच्च बना रह सकता है, इसलिए अधिकारियों ने गंडक की धारा पर निरंतर नजर रखने का निर्देश दिया है।