अपराध
एटा में लाइसेंसी बंदूक चोरी के बाद पुलिस मुठभेड़: तीन गिरफ्तार, एक घायल
जनपद एटा के थाना अवागढ़ में लाइसेंसी बंदूक चोरी के आरोप में तीन संदिग्ध गिरफ्तार हुए, जिनमें से एक को दाहिने पैर में गोली लगी।
10 अक्टूबर 2026 को ग्राम नगला भूरा निवासी अरविंदर पुत्र सत्येंद्र ने थाना अवागढ़ में शिकायत दर्ज कराई थी कि अज्ञात चोरों ने उनके घर से सिंगल बैरल लाइसेंसी बंदूक और अन्य सामान चोरी कर लिए हैं। इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने 170/2026 मुकदमा दर्ज किया और 4/5 नवंबर 2026 की रात किला बाईपास रोड पर चेकिंग के दौरान तीन संदिग्धों के साथ मुठभेड़ हुई।
पुलिस की जवाबी फायरिंग में एक आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी, जिसे बाद में अस्पताल भेजा गया। उसी समय अन्य दो संदिग्धों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस की पूछताछ में पता चला कि लगभग 25 दिन पूर्व ग्राम नगला भूरा में एक मकान से लाइसेंसी बंदूक और अन्य सामान चोरी किए गए थे। चोरी की गई बंदूक, 315 बोर तमंचा, जिंदा और खोखा कारतूस, टीवीएस स्पोर्ट्स मोटरसाइकिल और 1,590 रुपये नकद बरामद किए गए।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम नेकसे पुत्र बलवीर (पेसोई, थाना सोरों), बबलू पुत्र अमर सिंह (नगला भवानी, थाना अवागढ़) और विपिन पुत्र मुन्नालाल (पेसोई, थाना सोरों) हैं। इनके विरुद्ध एटा और कासगंज जनपद के विभिन्न थानों में कुल 18 मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस के प्रमुख निरीक्षक प्रेमपाल सिंह, सर्विलांस सुशील लांबा और एसओजी श्रवण कुमार निगम ने इस संयुक्त कार्रवाई का नेतृत्व किया। घायल आरोपी को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है और पुलिस द्वारा तीनों संदिग्धों के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई जारी है।
पुलिस की जवाबी फायरिंग में एक आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी, जिसे बाद में अस्पताल भेजा गया। उसी समय अन्य दो संदिग्धों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस की पूछताछ में पता चला कि लगभग 25 दिन पूर्व ग्राम नगला भूरा में एक मकान से लाइसेंसी बंदूक और अन्य सामान चोरी किए गए थे। चोरी की गई बंदूक, 315 बोर तमंचा, जिंदा और खोखा कारतूस, टीवीएस स्पोर्ट्स मोटरसाइकिल और 1,590 रुपये नकद बरामद किए गए।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम नेकसे पुत्र बलवीर (पेसोई, थाना सोरों), बबलू पुत्र अमर सिंह (नगला भवानी, थाना अवागढ़) और विपिन पुत्र मुन्नालाल (पेसोई, थाना सोरों) हैं। इनके विरुद्ध एटा और कासगंज जनपद के विभिन्न थानों में कुल 18 मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस के प्रमुख निरीक्षक प्रेमपाल सिंह, सर्विलांस सुशील लांबा और एसओजी श्रवण कुमार निगम ने इस संयुक्त कार्रवाई का नेतृत्व किया। घायल आरोपी को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है और पुलिस द्वारा तीनों संदिग्धों के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई जारी है।