📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Prime Minister's Office
बिज़नेस
सीटीआई ने दिल्ली पुलिस से भैया दूज तक रैलियों पर रोक का आग्रह, 14,000 करोड़ का नुकसान बताया
✍️ Amar Ujala · Delhi
🗓 03 नव. 2026, 12:01 PM
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चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (CTI) ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर को पत्र लिखकर भैया दूज तक सेंट्रल दिल्ली में रैलियों, धरनों और प्रदर्शन पर रोक की मांग की, और त्योहारी सीजन में 14,000 करोड़ रुपये का व्यापारिक नुकसान बताया।
त्योहारी खरीदारी के शिखर पर, चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (सीटीआई) ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर को औपचारिक पत्र लिखकर सेंट्रल दिल्ली में भैया दूज तक किसी भी रैली, धरना या सार्वजनिक प्रदर्शन पर रोक की मांग की। व्यापार संघ का कहना है कि ऐसी भीड़भाड़ वाली घटनाएँ वाणिज्यिक गतिविधियों में बाधा डालती हैं और खरीदारों को दूर करती हैं, जिससे त्योहारों पर निर्भर व्यवसायों को नुकसान होता है।
सीटीआई का अनुमान है कि हालिया प्रदर्शनों और मार्चों ने दिल्ली के रिटेल व सेवा क्षेत्र को लगभग 14,000 करोड़ रुपये का नुकसान पहुँचाया है। संघ का तर्क है कि आगे रैलियों की अनुमति देने से यह नुकसान और बढ़ेगा और आपूर्ति श्रृंखला के दबाव में और इज़ाफ़ा होगा।
अभी तक पुलिस ने इस अनुरोध पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। अधिकारियों से अपेक्षा की जा रही है कि वे पत्र की समीक्षा कर सार्वजनिक व्यवस्था और व्यापारिक हितों के बीच संतुलन स्थापित करें।
यदि प्रतिबंध लागू हो जाता है, तो व्यापारियों को ग्राहक प्रवाह में सुगमता और हाल के हफ्तों में बार-बार हुए व्यवधानों से प्रभावित बिक्री आंकड़ों में तेज़ी से सुधार की उम्मीद है।
सीटीआई का अनुमान है कि हालिया प्रदर्शनों और मार्चों ने दिल्ली के रिटेल व सेवा क्षेत्र को लगभग 14,000 करोड़ रुपये का नुकसान पहुँचाया है। संघ का तर्क है कि आगे रैलियों की अनुमति देने से यह नुकसान और बढ़ेगा और आपूर्ति श्रृंखला के दबाव में और इज़ाफ़ा होगा।
अभी तक पुलिस ने इस अनुरोध पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। अधिकारियों से अपेक्षा की जा रही है कि वे पत्र की समीक्षा कर सार्वजनिक व्यवस्था और व्यापारिक हितों के बीच संतुलन स्थापित करें।
यदि प्रतिबंध लागू हो जाता है, तो व्यापारियों को ग्राहक प्रवाह में सुगमता और हाल के हफ्तों में बार-बार हुए व्यवधानों से प्रभावित बिक्री आंकड़ों में तेज़ी से सुधार की उम्मीद है।