📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ashish.prajapati90
अपराध
छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने पैगंबर टिप्पणी FIR पर कार्रवाई रिपोर्ट मांगी
✍️ CGKhabar
🗓 05 नव. 2026, 08:46 PM
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छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने पैगंबर संबंधी टिप्पणी पर दर्ज FIR में की गई कार्रवाई की रिपोर्ट प्रस्तुत करने का आदेश दिया।
छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने एक आधिकारिक आदेश जारी कर पुलिस और जांच अधिकारी को पैगंबर संबंधी टिप्पणी पर दर्ज FIR के बाद की गई कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा। यह नोटिस राज्य पुलिस को संबोधित है।
इस FIR को इस महीने की शुरुआत में दर्ज किया गया था, जिसमें कहा गया था कि सार्वजनिक मंच पर किए गए कुछ बयानों ने धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई और भारतीय दंड संहिता के तहत दंडनीय हो सकते हैं। शिकायतकर्ता ने बताया कि इन टिप्पणी से क्षेत्र में साम्प्रदायिक तनाव उत्पन्न हुआ।
कोर्ट ने पुलिस को जांच के कदम, किए गए किसी भी गिरफ्तारी और सबूत संग्रह की स्थिति का विवरण देने का निर्देश दिया। रिपोर्ट प्रस्तुत करने की समय सीमा भी निर्धारित की गई, जिससे तेज़ और पारदर्शी जांच सुनिश्चित हो सके।
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि हाई कोर्ट की इस दखल से आपराधिक कानून और धार्मिक संवेदनशीलताओं के बीच के मामलों में न्यायपालिका की भूमिका स्पष्ट होती है, जिसका उद्देश्य साम्प्रदायिक तनाव को रोकना है।
इस FIR को इस महीने की शुरुआत में दर्ज किया गया था, जिसमें कहा गया था कि सार्वजनिक मंच पर किए गए कुछ बयानों ने धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई और भारतीय दंड संहिता के तहत दंडनीय हो सकते हैं। शिकायतकर्ता ने बताया कि इन टिप्पणी से क्षेत्र में साम्प्रदायिक तनाव उत्पन्न हुआ।
कोर्ट ने पुलिस को जांच के कदम, किए गए किसी भी गिरफ्तारी और सबूत संग्रह की स्थिति का विवरण देने का निर्देश दिया। रिपोर्ट प्रस्तुत करने की समय सीमा भी निर्धारित की गई, जिससे तेज़ और पारदर्शी जांच सुनिश्चित हो सके।
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि हाई कोर्ट की इस दखल से आपराधिक कानून और धार्मिक संवेदनशीलताओं के बीच के मामलों में न्यायपालिका की भूमिका स्पष्ट होती है, जिसका उद्देश्य साम्प्रदायिक तनाव को रोकना है।