अपराध
चंदरपुर सुकबासुपारा में मोबाइल विवाद में युवक पर जानलेवा हमला
ग्राम पंचायत चंदरपुर सुकबासुपारा में मोबाइल खोने को लेकर हुए विवाद के बाद एक युवक पर जानलेवा हमला किया गया।
जिला जशपुर के पत्थलगांव थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत चंदरपुर (सुकबासुपारा) से एक गंभीर मामला सामने आया है। यहाँ गणेश विसर्जन के दौरान मोबाइल गुम होने की बात को लेकर उपजे विवाद में एक युवक के साथ घर में घुसकर मारपीट करने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगा है। पीड़ित पक्ष ने इस संबंध में पत्थलगांव थाने में लिखित आवेदन देकर निष्पक्ष जांच और न्याय की गुहार लगाई है।
**पूरा घटनाक्रम क्या है?**
मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत चंदरपुर सुकबासुपारा निवासी **रंजीत कुमार चौहान** गणेश विसर्जन देखने गया था। घर लौटने के बाद उसने महसूस किया कि उसने जो लोअर पहन रखा था, उसकी जेब से मोबाइल गायब है।
मोबाइल गुम होने की बात उसने अपने छोटे भाई **राजेश चौहान** को बताई, जिसके बाद दोनों मोबाइल खोजने निकल पड़े। इसी बीच रंजीत चौहान ने अपनी पत्नी **मयकी चौहान** को भी इसकी जानकारी दी।
*रात 10 बजे घर पर हुआ हमला*
घटनाक्रम के मुताबिक, रात करीब 10 बजे मयकी चौहान, शिवकुमारी और सूर्यनारायण बाइक से रंजीत चौहान के घर पहुंचे और सड़क किनारे बाइक खड़ी कर दी। आरोप है कि तीनों ने मिलकर रंजीत चौहान के साथ मारपीट शुरू कर दी।
मारपीट के दौरान रंजीत ने दो-तीन बार चिल्लाकर बचाने की गुहार लगाई— *"मेरे को ये लोग मार रहे हैं, छुड़ाने आइए!"*
भाई की आवाज सुनकर राजेश चौहान मौके पर पहुंचा और उसने देखा कि तीनों मिलकर रंजीत को पीट रहे हैं। इसके बाद राजेश ने अपने पिता को उठाया। कुछ देर बाद जब पिता जागे, तो उन्होंने भी देखा कि रंजीत को सड़क पर पटककर तीनों आरोपी पीट रहे थे। बहुत मुश्किल से पिता ने बीच-बवचाव कर रंजीत को छुड़ाया। धमकी देकर बाइक छोड़कर भागे आरोपी
मारपीट के बाद आरोपी सूर्यनारायण ने अपनी बाइक स्टार्ट करने की कोशिश की, लेकिन बाइक स्टार्ट नहीं हुई। आरोप है कि इस दौरान सूर्यनारायण ने कट्टा (हथियार) से जान से मारने की बात कही और बाइक वहीं छोड़कर पैदल ही घर चले गए।
कुछ समय बाद मयकी का बड़ा भाई नारायण और उसके साथ अन्य लोग वहां आए और बाइक को डायरेक्ट कर स्टार्ट करने की कोशिश की, लेकिन गाड़ी चालू नहीं होने पर वे उसे रंजीत चौहान के आंगन में ही छोड़कर फरार हो गए।
सुबह माँ को दी धमकी
अगली सुबह, गिरोलडिह में रहने वाली रंजीत चौहान की माँ के पास नारायण और सूर्यनारायण पहुंचे और कथित तौर पर धमकी दी कि तुम्हारे परिवार से अगर कोई कुछ हुआ, तो हमें मत बोलना।"
### **थाना पहुँचा मामला और काउंटर केस के आरोप
इन सभी घटनाओं से डरा-सहमा पूरा परिवार घटना की सूचना देने और न्याय की गुहार लगाने पत्थलगांव थाना प्रभारी के पास पहुँचा और बीती रात की घटना का पूरा विवरण देते हुए आवेदन दिया।
लेकिन पीड़ित पक्ष का आरोप है कि थाने पहुँचने पर उन्हें पता चला कि मयकी चौहान द्वारा पहले ही झूठी शिकायत दर्ज करा दी गई है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि मोबाइल को लेकर विवाद उन लोगों ने खुद किया, घर में घुसकर मारपीट की, लेकिन अब झूठा बयान देकर फंसाने की कोशिश की जा रही है।
पीड़ित परिवार का दावा है कि मयकी पक्ष द्वारा जो आरोप लगाए गए हैं कि उनके कपड़े फाड़े गए और भाई-बहनों को मारा गया, वे पूरी तरह निराधार और झूठे हैं। असलियत में रंजीत चौहान के घर आकर उन पर हमला किया गया था। रंजीत चौहान का जो थाना आवेदन किया था उसका कोई सुनवाई नहीं हुई।
स्थान: ग्राम पंचायत चंदरपुर सुकबासुपारा, थाना पत्थलगांव, जिला जशपुर (छत्तीसगढ़)*
**पूरा घटनाक्रम क्या है?**
मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत चंदरपुर सुकबासुपारा निवासी **रंजीत कुमार चौहान** गणेश विसर्जन देखने गया था। घर लौटने के बाद उसने महसूस किया कि उसने जो लोअर पहन रखा था, उसकी जेब से मोबाइल गायब है।
मोबाइल गुम होने की बात उसने अपने छोटे भाई **राजेश चौहान** को बताई, जिसके बाद दोनों मोबाइल खोजने निकल पड़े। इसी बीच रंजीत चौहान ने अपनी पत्नी **मयकी चौहान** को भी इसकी जानकारी दी।
*रात 10 बजे घर पर हुआ हमला*
घटनाक्रम के मुताबिक, रात करीब 10 बजे मयकी चौहान, शिवकुमारी और सूर्यनारायण बाइक से रंजीत चौहान के घर पहुंचे और सड़क किनारे बाइक खड़ी कर दी। आरोप है कि तीनों ने मिलकर रंजीत चौहान के साथ मारपीट शुरू कर दी।
मारपीट के दौरान रंजीत ने दो-तीन बार चिल्लाकर बचाने की गुहार लगाई— *"मेरे को ये लोग मार रहे हैं, छुड़ाने आइए!"*
भाई की आवाज सुनकर राजेश चौहान मौके पर पहुंचा और उसने देखा कि तीनों मिलकर रंजीत को पीट रहे हैं। इसके बाद राजेश ने अपने पिता को उठाया। कुछ देर बाद जब पिता जागे, तो उन्होंने भी देखा कि रंजीत को सड़क पर पटककर तीनों आरोपी पीट रहे थे। बहुत मुश्किल से पिता ने बीच-बवचाव कर रंजीत को छुड़ाया। धमकी देकर बाइक छोड़कर भागे आरोपी
मारपीट के बाद आरोपी सूर्यनारायण ने अपनी बाइक स्टार्ट करने की कोशिश की, लेकिन बाइक स्टार्ट नहीं हुई। आरोप है कि इस दौरान सूर्यनारायण ने कट्टा (हथियार) से जान से मारने की बात कही और बाइक वहीं छोड़कर पैदल ही घर चले गए।
कुछ समय बाद मयकी का बड़ा भाई नारायण और उसके साथ अन्य लोग वहां आए और बाइक को डायरेक्ट कर स्टार्ट करने की कोशिश की, लेकिन गाड़ी चालू नहीं होने पर वे उसे रंजीत चौहान के आंगन में ही छोड़कर फरार हो गए।
सुबह माँ को दी धमकी
अगली सुबह, गिरोलडिह में रहने वाली रंजीत चौहान की माँ के पास नारायण और सूर्यनारायण पहुंचे और कथित तौर पर धमकी दी कि तुम्हारे परिवार से अगर कोई कुछ हुआ, तो हमें मत बोलना।"
### **थाना पहुँचा मामला और काउंटर केस के आरोप
इन सभी घटनाओं से डरा-सहमा पूरा परिवार घटना की सूचना देने और न्याय की गुहार लगाने पत्थलगांव थाना प्रभारी के पास पहुँचा और बीती रात की घटना का पूरा विवरण देते हुए आवेदन दिया।
लेकिन पीड़ित पक्ष का आरोप है कि थाने पहुँचने पर उन्हें पता चला कि मयकी चौहान द्वारा पहले ही झूठी शिकायत दर्ज करा दी गई है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि मोबाइल को लेकर विवाद उन लोगों ने खुद किया, घर में घुसकर मारपीट की, लेकिन अब झूठा बयान देकर फंसाने की कोशिश की जा रही है।
पीड़ित परिवार का दावा है कि मयकी पक्ष द्वारा जो आरोप लगाए गए हैं कि उनके कपड़े फाड़े गए और भाई-बहनों को मारा गया, वे पूरी तरह निराधार और झूठे हैं। असलियत में रंजीत चौहान के घर आकर उन पर हमला किया गया था। रंजीत चौहान का जो थाना आवेदन किया था उसका कोई सुनवाई नहीं हुई।
स्थान: ग्राम पंचायत चंदरपुर सुकबासुपारा, थाना पत्थलगांव, जिला जशपुर (छत्तीसगढ़)*