स्थानीय
बांसडीह विधानसभा क्षेत्र में सरयू नदी के कटान से गांवों के अस्तित्व को खतरा, नागेन्द्र बहादुर सिंह झूनू ने किया पदयात्रा
समाजसेवी नागेन्द्र बहादुर सिंह झूनू ने सरयू नदी के कटान से बांसडीह के कई गांवों के अस्तित्व को खतरे में देख कर 18 किमी पदयात्रा कर तहसील का घेराव किया।
समाजसेवी नागेन्द्र बहादुर सिंह झूनू ने सरयू नदी के लगातार कटान से बांसडीह विधानसभा क्षेत्र के दर्जनों गांवों के अस्तित्व को खतरे में देख कर कार्रवाई की मांग की।
उन्होंने महाराजपुर से बांसडीह तहसील तक लगभग 18 किलोमीटर की पदयात्रा की और तहसील कार्यालय का घेराव किया।
नदी की धारा में तेज़ी से जमीन समा रही है, जिससे ग्रामीणों को अपना घर-बार उजाड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ रहा है।
कटान रोकने के लिए प्रभावी कार्रवाई न होने से ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ा है और उन्होंने तुरंत रोकथाम की मांग की।
स्थानीय प्रशासन से तत्काल उपाय करने और कटान को रोकने के निर्देश देने का आग्रह किया गया।
उन्होंने महाराजपुर से बांसडीह तहसील तक लगभग 18 किलोमीटर की पदयात्रा की और तहसील कार्यालय का घेराव किया।
नदी की धारा में तेज़ी से जमीन समा रही है, जिससे ग्रामीणों को अपना घर-बार उजाड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ रहा है।
कटान रोकने के लिए प्रभावी कार्रवाई न होने से ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ा है और उन्होंने तुरंत रोकथाम की मांग की।
स्थानीय प्रशासन से तत्काल उपाय करने और कटान को रोकने के निर्देश देने का आग्रह किया गया।