📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Rahulkepapa
अपराध
बिहार हाईकोर्ट ने दण्ड बरकरार, दरभंगा SP पर शुक्राणु न मिलने की जांच में अनुशासनात्मक कार्रवाई
✍️ Amar Ujala · Patna
🗓 23 सित. 2026, 07:31 PM
👁 21
बिहार हाईकोर्ट ने दण्ड को बरकरार रखा और दरभंगा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को जांच अधिकारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू करने तथा तीन महीने में रिपोर्ट अदालत को सौंपने का निर्देश दिया।
बिहार हाईकोर्ट ने यौन उत्पीड़न मामले में दण्ड को बरकरार रखा, यह तर्क खारिज किया कि पीड़िता की चिकित्सा जांच में शुक्राणु न मिलना अपराध न होने का प्रमाण है। कोर्ट ने दरभंगा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को निर्देश दिया कि वह फोरेंसिक परीक्षण करने वाले अधिकारी के खिलाफ विभागीय अनुशासनात्मक जांच शुरू करे, क्योंकि प्रक्रिया में चूक पाई गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को तीन महीने के भीतर इस कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट अदालत को सौंपने का आदेश दिया गया है। यह निर्णय इस बात को रेखांकित करता है कि फोरेंसिक में अंतराल स्वचालित रूप से आरोपी को बरी नहीं करता और पुलिस को स्थापित जांच मानकों का पालन करना अनिवार्य है।