📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Yann (talk)
ऑटोमोबाइल
बिहार परिवार ने चोरी रोकने के लिए नई एसयूवी को छत पर क्रेन से उठाया
✍️ The Times of India
🗓 08 सित. 2026, 10:18 AM
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बिहार में एक परिवार ने चोरी के डर से अपनी नई खरीदी एसयूवी को घर की छत पर क्रेन से रखवाया, यह असामान्य सुरक्षा उपाय टाईम्स ऑफ़ इंडिया ने बताया।
बिहार के एक परिवार ने अपने नए खरीदे गए एसयूवी को चोरी से बचाने के लिए असामान्य उपाय अपनाया। उन्होंने एक क्रेन को बुलाकर अपनी घर की छत पर वाहन को उठवाया और सुरक्षित रूप से रखा, जिससे सड़क स्तर पर चोरी की संभावना कम हो सके।
स्थानीय लोगों ने बताया कि पेशेवर क्रेन ऑपरेटर की मदद से वाहन को बिना किसी क्षति के छत पर स्थापित किया गया। पारंपरिक सुरक्षा उपाय, जैसे गेटेड पार्किंग, काम न करने पर ही परिवार ने यह कदम उठाया।
इस कदम ने आसपास के लोगों का ध्यान आकर्षित किया, लेकिन निजी संपत्ति होने के कारण अधिकारियों ने कोई कानूनी आपत्ति नहीं जताई। यह घटना बिहार में बढ़ती चोरी की चिंताओं को दर्शाती है, जहाँ कई वाहन मालिक महंगे लेकिन रचनात्मक उपायों की ओर रुख कर रहे हैं।
टाइम्स ऑफ इंडिया ने इस कहानी को उजागर किया, यह दिखाते हुए कि उच्च मूल्य वाले संपत्तियों की सुरक्षा के लिए लोग कितनी दूर तक जा सकते हैं। एसयूवी के मॉडल या क्रेन के खर्च के बारे में कोई अतिरिक्त जानकारी नहीं दी गई।
विशेषज्ञों का मानना है कि सामुदायिक पुलिसिंग को मजबूत करना और बेहतर निगरानी प्रणाली स्थापित करना, ऐसी महंगी और असामान्य उपायों की तुलना में अधिक व्यावहारिक समाधान हो सकता है।
स्थानीय लोगों ने बताया कि पेशेवर क्रेन ऑपरेटर की मदद से वाहन को बिना किसी क्षति के छत पर स्थापित किया गया। पारंपरिक सुरक्षा उपाय, जैसे गेटेड पार्किंग, काम न करने पर ही परिवार ने यह कदम उठाया।
इस कदम ने आसपास के लोगों का ध्यान आकर्षित किया, लेकिन निजी संपत्ति होने के कारण अधिकारियों ने कोई कानूनी आपत्ति नहीं जताई। यह घटना बिहार में बढ़ती चोरी की चिंताओं को दर्शाती है, जहाँ कई वाहन मालिक महंगे लेकिन रचनात्मक उपायों की ओर रुख कर रहे हैं।
टाइम्स ऑफ इंडिया ने इस कहानी को उजागर किया, यह दिखाते हुए कि उच्च मूल्य वाले संपत्तियों की सुरक्षा के लिए लोग कितनी दूर तक जा सकते हैं। एसयूवी के मॉडल या क्रेन के खर्च के बारे में कोई अतिरिक्त जानकारी नहीं दी गई।
विशेषज्ञों का मानना है कि सामुदायिक पुलिसिंग को मजबूत करना और बेहतर निगरानी प्रणाली स्थापित करना, ऐसी महंगी और असामान्य उपायों की तुलना में अधिक व्यावहारिक समाधान हो सकता है।