📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Kundan3
राजनीति
बिहार सीएम ने गया आईएमसी को मध्य‑अक्टूबर तक चालू करने का आदेश दिया
✍️ LatestLY
🗓 23 सित. 2026, 06:15 AM
👁 34
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार गति परियोजनाओं की समीक्षा की और गया इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग कॉम्प्लेक्स को मध्य‑अक्टूबर तक शुरू करने का निर्देश दिया।
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने "बिहार गति" परियोजनाओं की समीक्षा हेतु एक बैठक बुलाई, जिसमें राज्य के बुनियादी ढाँचे और औद्योगिक विकास के कई पहलुओं पर चर्चा हुई। उन्होंने इन योजनाओं की प्रगति को देखा और समयबद्ध कार्यान्वयन पर बल दिया।
मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से गया इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग कॉम्प्लेक्स (आईएमसी) को मध्य‑अक्टूबर तक चालू करने का निर्देश दिया। यह औद्योगिक हब निवेश आकर्षित करने और रोजगार सृजन के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उन्होंने संबंधित विभागों से सभी मंजूरी, भूमि अधिग्रहण और निर्माण कार्य को तेज़ करने का आग्रह किया।
परियोजना की निकट निगरानी हेतु अधिकारियों को नियमित रिपोर्ट देने और किसी भी अड़चन को दूर करने का आदेश दिया गया, ताकि आईएमसी बिहार गति कार्यक्रम के व्यापक लक्ष्यों के साथ तालमेल बिठा सके। यह कदम राज्य की औद्योगिक क्षमता को बढ़ाने की दिशा में एक प्रमुख कदम है।
बिहार इस पहल के माध्यम से अपने रणनीतिक स्थान और सुधरे हुए बुनियादी ढाँचे का उपयोग करके निवेशकों को आकर्षित करने की कोशिश कर रहा है।
गया और उसके आस‑पास के क्षेत्रों में इस त्वरित कार्यान्वयन से स्थानीय व्यवसायों और संभावित निवेशकों को लाभ मिलने की उम्मीद है, साथ ही नई नौकरियों का सृजन भी होगा।
मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से गया इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग कॉम्प्लेक्स (आईएमसी) को मध्य‑अक्टूबर तक चालू करने का निर्देश दिया। यह औद्योगिक हब निवेश आकर्षित करने और रोजगार सृजन के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उन्होंने संबंधित विभागों से सभी मंजूरी, भूमि अधिग्रहण और निर्माण कार्य को तेज़ करने का आग्रह किया।
परियोजना की निकट निगरानी हेतु अधिकारियों को नियमित रिपोर्ट देने और किसी भी अड़चन को दूर करने का आदेश दिया गया, ताकि आईएमसी बिहार गति कार्यक्रम के व्यापक लक्ष्यों के साथ तालमेल बिठा सके। यह कदम राज्य की औद्योगिक क्षमता को बढ़ाने की दिशा में एक प्रमुख कदम है।
बिहार इस पहल के माध्यम से अपने रणनीतिक स्थान और सुधरे हुए बुनियादी ढाँचे का उपयोग करके निवेशकों को आकर्षित करने की कोशिश कर रहा है।
गया और उसके आस‑पास के क्षेत्रों में इस त्वरित कार्यान्वयन से स्थानीय व्यवसायों और संभावित निवेशकों को लाभ मिलने की उम्मीद है, साथ ही नई नौकरियों का सृजन भी होगा।