📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / User:ਗੁਰਸੇਵਕ ਸਿੰਘ
नौकरी
बाजवा ने सीबीआई जांच के बाद 65,000 नौकरियों पर श्वेत पत्र की माँग
✍️ Amar Ujala · Amritsar
🗓 08 अक्टू. 2026, 06:46 PM
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अमृतसर में सीबीआई कार्रवाई के बाद, बाजवा ने सरकार से 65,000 नौकरियों पर श्वेत पत्र जारी करने की मांग की, जिससे उसकी विश्वसनीयता पर सवाल उठे।
अमृतसर में हाल ही में सीबीआई द्वारा की गई जांच ने राज्य सरकार की रोजगार प्रतिबद्धताओं को लेकर आलोचना को जन्म दिया है। इस पर राजनीतिक नेता बाजवा ने 65,000 नौकरियों के सृजन और आवंटन की रूपरेखा बताने वाला विस्तृत श्वेत पत्र जारी करने की मांग की है।
बाजवा ने कहा कि स्पष्ट डेटा के बिना सरकार की विश्वसनीयता पर सवाल उठते हैं और एक आधिकारिक दस्तावेज़ सभी हितधारकों—जनता, विपक्षी दलों और विशेषज्ञों—को प्रस्तावित पदों की व्यवहारिकता का आकलन करने में मदद करेगा।
यह मांग पंजाब में बढ़ती बेरोजगारी, विशेषकर अमृतसर क्षेत्र में, के संदर्भ में उठी है। अभी तक सरकार ने इस मांग पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है और सीबीआई की जांच को स्थानीय मीडिया व नागरिक समाज समूह नज़र में रखे हुए हैं।
यदि श्वेत पत्र जारी किया जाता है, तो इसमें लक्षित क्षेत्रों, कार्यान्वयन की समयसीमा और आवश्यक वित्तीय खर्च की जानकारी शामिल होगी। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसी पारदर्शिता या तो भरोसा बहाल कर सकती है या सरकार की रोजगार रणनीति में मौजूद खामियों को उजागर कर सकती है।
बाजवा ने कहा कि स्पष्ट डेटा के बिना सरकार की विश्वसनीयता पर सवाल उठते हैं और एक आधिकारिक दस्तावेज़ सभी हितधारकों—जनता, विपक्षी दलों और विशेषज्ञों—को प्रस्तावित पदों की व्यवहारिकता का आकलन करने में मदद करेगा।
यह मांग पंजाब में बढ़ती बेरोजगारी, विशेषकर अमृतसर क्षेत्र में, के संदर्भ में उठी है। अभी तक सरकार ने इस मांग पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है और सीबीआई की जांच को स्थानीय मीडिया व नागरिक समाज समूह नज़र में रखे हुए हैं।
यदि श्वेत पत्र जारी किया जाता है, तो इसमें लक्षित क्षेत्रों, कार्यान्वयन की समयसीमा और आवश्यक वित्तीय खर्च की जानकारी शामिल होगी। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसी पारदर्शिता या तो भरोसा बहाल कर सकती है या सरकार की रोजगार रणनीति में मौजूद खामियों को उजागर कर सकती है।