Health
आयुर्वेद अस्पताल वाराणसी के प्राचार्य ने नवरात्रि की शुभकामनाएँ दीं, पंचकर्म व गठिया सहित विभिन्न रोगों के इलाज पर जोर
राजकीय आयुर्वेद चिकित्सालय, वाराणसी के प्राचार्य प्रो. डी.के. ने शारदीय नवरात्रि के अवसर पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि अस्पताल में पंचकर्म, गठिया सहित विभिन्न रोगों का आयुर्वेदिक पद्धति से सफल इलाज किया जाता है।
शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर राजकीय आयुर्वेद चिकित्सालय, वाराणसी के प्राचार्य प्रो. डी.के. ने समस्त बनारसवासियों को हार्दिक शुभकामनाएँ दी हैं। उन्होंने बताया कि उनके चिकित्सालय में सभी प्रकार की सुविधाएँ आयुर्वेदिक पद्धति से उपलब्ध हैं, जिनमें पंचकर्म सेंटर और गठिया सेंटर जैसी विशेष यूनिट संचालित हैं।
प्राचार्य ने यह भी जानकारी दी कि अस्पताल में एक विशेष मासिक स्वर्णप्राशन कार्यक्रम आयोजित किया जाता है। इस कार्यक्रम के तहत जन्म से लेकर 16 वर्ष तक के बच्चों को आयुर्वेदिक दवा पिलाई जाती है, जिससे उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता (इम्युनिटी) बढ़ती है और मानसिक व शारीरिक विकास को बढ़ावा मिलता है।
उन्होंने बताया कि अस्पताल में न केवल वाराणसी बल्कि पूर्वांचल के सभी जिलों, बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ से भी मरीज इलाज कराने आते हैं। यहाँ लीवर, जोड़ों के दर्द और अन्य सभी प्रकार की बीमारियों के लिए विशेषज्ञ चिकित्सक उपलब्ध हैं, और मरीज पूर्णतः स्वस्थ होकर संतुष्टि के साथ लौटते हैं।
प्राचार्य ने यह भी जानकारी दी कि अस्पताल में एक विशेष मासिक स्वर्णप्राशन कार्यक्रम आयोजित किया जाता है। इस कार्यक्रम के तहत जन्म से लेकर 16 वर्ष तक के बच्चों को आयुर्वेदिक दवा पिलाई जाती है, जिससे उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता (इम्युनिटी) बढ़ती है और मानसिक व शारीरिक विकास को बढ़ावा मिलता है।
उन्होंने बताया कि अस्पताल में न केवल वाराणसी बल्कि पूर्वांचल के सभी जिलों, बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ से भी मरीज इलाज कराने आते हैं। यहाँ लीवर, जोड़ों के दर्द और अन्य सभी प्रकार की बीमारियों के लिए विशेषज्ञ चिकित्सक उपलब्ध हैं, और मरीज पूर्णतः स्वस्थ होकर संतुष्टि के साथ लौटते हैं।