📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / NASA Earth Observatory images by Wanmei Liang, usi
कृषि
हरियाणा के 77% किसान सैटेलाइट निगरानी से बचने के लिए शाम को जलाते हैं
✍️ Business Standard
🗓 29 अक्टू. 2026, 01:48 AM
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बिज़नेस स्टैंडर्ड के सर्वे में पता चला कि हरियाणा के 77% किसान सैटेलाइट निगरानी से बचने के लिए शाम को फसल के अवशेष जलाते हैं।
बिज़नेस स्टैंडर्ड के एक हालिया सर्वेक्षण के अनुसार, हरियाणा के 77% किसान शाम के समय फसल के अवशेष जलाते हैं ताकि सैटेलाइट निगरानी से बच सकें। उन्होंने बताया कि सूर्यास्त के बाद जलाने से उपग्रह‑आधारित सेंसर द्वारा पकड़े जाने की संभावना कम हो जाती है।
हरियाणा में फसल के अवशेष को जलाना एक नियमित समस्या है, जो धुंध और वायु प्रदूषण का कारण बनती है और सरकार द्वारा समय‑समय पर चेतावनी जारी की जाती है। इस निगरानी में अब उपग्रहों का उपयोग बढ़ रहा है, जिससे अधिकारियों को वास्तविक‑समय डेटा मिलता है।
यह परिणाम दर्शाता है कि प्रतिबंध और वैकल्पिक उपाय उपलब्ध होने के बावजूद इस प्रथा को समाप्त करना कठिन है। यदि अनुपालन बढ़ाना है तो सरकार को जागरूकता और प्रोत्साहन कार्यक्रमों को सुदृढ़ करना पड़ेगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि शाम को जलाने से उपग्रहों के लिए पहचान मुश्किल हो सकती है, परन्तु इससे निकलने वाले प्रदूषक अभी भी क्षेत्र की वायु गुणवत्ता को प्रभावित करते हैं, जिससे पर्यावरणीय जोखिम स्पष्ट होते हैं।
हरियाणा में फसल के अवशेष को जलाना एक नियमित समस्या है, जो धुंध और वायु प्रदूषण का कारण बनती है और सरकार द्वारा समय‑समय पर चेतावनी जारी की जाती है। इस निगरानी में अब उपग्रहों का उपयोग बढ़ रहा है, जिससे अधिकारियों को वास्तविक‑समय डेटा मिलता है।
यह परिणाम दर्शाता है कि प्रतिबंध और वैकल्पिक उपाय उपलब्ध होने के बावजूद इस प्रथा को समाप्त करना कठिन है। यदि अनुपालन बढ़ाना है तो सरकार को जागरूकता और प्रोत्साहन कार्यक्रमों को सुदृढ़ करना पड़ेगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि शाम को जलाने से उपग्रहों के लिए पहचान मुश्किल हो सकती है, परन्तु इससे निकलने वाले प्रदूषक अभी भी क्षेत्र की वायु गुणवत्ता को प्रभावित करते हैं, जिससे पर्यावरणीय जोखिम स्पष्ट होते हैं।